गोंडा। शहर के 1.60 लाख आबादी वाले गली मोहल्लों के साफ-सफाई की जिम्मेदारी नगर पालिका प्रशासन पर है। नगर पालिका अभी तक हाउस व वाटर टैक्स की ही वसूली करता था। मगर नगर पालिका प्रशासन ने शहर के गली मोहल्लों की साफ-सफाई का नया खाका खींचा है। अब गली मोहल्लों में नगर पालिका के कूड़ा वाहन पहुंचेंगे। नपाप कर्मी डोर-टू-डोर पहुंचकर कूड़ा कलेक्ट करेंगे। इसके लिए नगर पालिका ने कूड़ा वाहन लगाने के संग ही सफाईकर्मियों की भी ड्यूटी लगाई है। नगर पालिका प्रशासन डोर-टू-डोर कूड़ा एकत्र करने के एवज में 21 हजार घरों से प्रति घर के हिसाब से 50 रुपये प्रति माह सर्विस टैक्स लेगा। सर्विस टैक्स से पालिका को हर माह 10 लाख 50 हजार रुपये के राजस्व का फायदा होगा।
नगर पालिका क्षेत्र की 1.60 लाख आबादी वाले शहर के 21 हजार घरों के लोगों पर अब हर माह हाउस, वाटर टैक्स के संग ही घरों से निकलने वाले कूड़ा की सफाई के लिए हर माह 50 रुपये का व्यय भार बढ़ जाएगा। यानि घरों से कूड़ा निकालने पर नगर पालिका को 50 रुपये का टैक्स अदा करना होगा। सर्विस टैक्स अदा न करने पर जुर्माना भी लगाया जाएगा।
साफ-सफाई की नई व्यवस्था लागू होने से जलकल परिसर से नगरपालिका क्षेत्र के 27 वार्डों के गली मोहल्लों के लिए सुबह छह बजे सफाई वाहन रवाना हो जाते हैं। सुबह छह बजे से 11 बजे तक पूरे शहर की साफ-सफाई हो जाती है। यानि नगर पालिकाकर्मी कूड़ा एकत्र कर डंपिंग स्थल पर पहुंचा देते हैं। इसके लिए छोटे-बड़े मिलाकर कुल 50 वाहन लगाए गए हैं।
ईओ संजय कुमार मिश्र का कहना है कि नगर पालिका ने शहर को स्वच्छ रखने के इरादे से शहर के 27 वार्डों के गली मोहल्लों से डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने का काम शुरू किया है। डोर-टू-डोर कूड़ा एकत्र करने के एवज में 21 हजार घरों के लोगों से सर्विस टैक्स वसूला जाएगा। इसके लिए प्रति घर पर 50 रुपये सर्विस टैक्स लगाया गया है।