बलरामपुर में लोगों में तेंदुए की दहशत है। धामाचौरी गांव में पग चिन्ह मिले। वन विभाग की टीम ने पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया है। दो दिन पहले बाप-बेटे पर हमला कर चुका है।
यूपी के बलरामपुर में सोहेलवा जंगल के धामाचौरी गांव में तेंदुए का पगचिन्ह मिला है। गांव में तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा लगा दिया गया है। गांव में रेंजर शत्रोहन लाल व वन दरोगा जीव रक्खन प्रसाद को तेंदुआ पकड़ने तक ठहरने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
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बनकटवा रेंज के धामाचौरी गांव के पास बुधवार शाम बाइक से जा रहे गनेशपुर गांव निवासी पिता महेंद्र कुमार शुक्ल व उनके पुत्र प्रदीप कुमार शुक्ल के पर हाथ, पैर व सिर पर तेंदुए ने पंजे से हमला कर दिया था।
वनकर्मियों ने घायल पिता-पुत्र को सीएचसी शिवपुरा में भर्ती कराया। बेटे की हालत नाजुक होने पर उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया था। उपप्रभागीय वनाधिकारी एमबी सिंह ने शनिवार को बताया कि वनकर्मियों पहाड़ी नाला कचनी में तेंदुए के पगचिह्न दिखाई दिए हैं।
तेंदुए को सोहेलवा जंगल में छोड़ा जाएगा
शनिवार को वनकर्मियों ने पहाड़ी नाले के पास गन्ने के खेत में तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया है। गांव में रेंजर व वन दरोगा के साथ दूधनाथ को तैनात करके पल-पल की रिपोर्ट जुटाई जा रही है। पिंजरा में कैद होने के बाद तेंदुए को सोहेलवा जंगल में छोड़ा जाएगा।