हरैया सतघरवा/गौरा चौराहा। सोहेलदेव वन्यजीव अभ्यारण्य के बरहवा रेंज में खैरहनिया गांव मंगलवार शाम तेंदुआ वनरोज के बच्चे को उठा ले गया। बुधवार सुबह झौव्वा गांव में खेतों के पास भी तेंदुआ नजर आने से ग्रामीणों में दहशत है। दोनों जगहों पर ग्रामीणों ने वन विभाग को सूचना दी है।
मंगलवार देर शाम खैरहनिया गांव के पास स्थित पहाड़ी नाले के पास तेंदुआ एक वनरोज के बच्चे का पीछा करते हुए चौराहे के निकट मां दुर्गा मंदिर परिसर तक पहुंच गया। ग्रामीणों की आंखों के सामने तेंदुआ उसे उठाकर गन्ने के खेत की ओर लेकर चला गया। इस घटना से मौके पर अफरातफरी मच गई। सूचना पर बरहवा रेंज के रेंजर बृजेश सिंह परमार की अगुवाई में टीम मौके पर पहुंची। ग्रामीणों के सहयोग से करीब एक घंटे तक तेंदुए की तलाश की गई, लेकिन कोई निशान नहीं मिला। रेंजर ने ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी। गांव के सहजराम, कुन्ने और नीबर ने बताया कि पांच दिन पहले भी तेंदुए ने नाले के किनारे एक मवेशी का शिकार किया था।
झौव्वा गांव में सुबह दिखा तेंदुआ
बुधवार सुबह करीब आठ बजे तुलसीपुर यूनिट के ग्राम झौव्वा में भी ग्रामीणों ने तेंदुए को देखा। सावित्री, गंगादेवी और माया खेतों की ओर जा रही थीं, तभी उत्तर दिशा के सागौन के बाग से निकलकर तेंदुआ दक्षिण की ओर चला गया। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत है। ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को सूचना दी। रेंजर बृजेश सिंह परमार ने बताया कि क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है, यदि तेंदुआ फिर दिखाई देता है तो उसे पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया जाएगा। वहीं, गांवों में तेंदुए की लगातार आमद से पशुपालक परेशान हैं।