गौराचौराहा (बलरामपुर)। इरादे मजबूत हों तो सफलता हर हाल में मिलती है। दो बार मुख्य परीक्षा में चूकने के बाद भी भूपेश कुमार पांडेय ने हार नहीं मानी। लक्ष्य को केंद्रित करके उन्होंने तैयारी की। शुक्रवार की रात उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के पीसीएस के जारी परिणाम में डिप्टी एसपी बने भूपेश को 27वीं रैंक मिली है। इस पर उनके परिजनों ने प्रसन्नता जताई है।
चौबेपुर गांव निवासी भूपेश कुमार पांडेय के पिता दुर्गेश कुमार पांडेय परिषदीय विद्यालय कठेर में प्रधानाध्यापक हैं। मां शैल पांडेय गृहणी हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा सरदार नंद सिंह तनेजा स्कूल में हुई। इसके बाद 9वीं से 12वीं तक की पढ़ाई उन्होंने भारतीय इंटर कॉलेज उतरौला से की।
भूपेश बताते हैं कि यहां पर पढ़ाई के दौरान आयोग से चयनित होकर एक शिक्षक आए थे। वह तैयारी भी कर रहे थे। बाद में वह अफसर बन गए थे। बस तभी से दिमाग में आया कि कुछ भी हो, हमें भी अफसर बनना है। इंटर पास करने के बाद वह प्रयागराज पहुंच गए। वहां पर ईश्वर शरण महाविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की। फिर प्रयागराज विश्वविद्यालय से परास्नातक की शिक्षा पूरी की।
इसके बाद तैयारी के लिए वह दिल्ली चले आए। वह कहते हैं कि हमने मन बना लिया था कि हर हाल में परीक्षा पास करनी है। प्रतिदिन करीब 12 घंटे पढ़ाई की। अब वह डिप्टी एसपी बन गए हैं। भूपेश ने सफलता का श्रेय परिजनों, गुरुजनों व मित्रों को दिया है।