फोटो-27,28-बलरामपुर के एमएलके पीजी कॉलेज में सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करते विद्यार्थी ।-स्
बलरामपुर। संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार द्वारा अनुदानित श्रीशशि भानु सेवा संस्थान की ओर से शनिवार को एमएलके पीजी कॉलेज में भारतीय नृत्य एवं शास्त्रीय संगीत कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अपनी प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय सचिव कर्नल एसके वार्ष्णेय एवं प्राचार्य प्रो. जेपी पांडेय ने दीप प्रज्वलित करके किया। कार्यक्रम में शास्त्रीय विधा में पारंगत कलाकार पारिजात त्रिपाठी और मांडवी तिवारी ने भारतीय शास्त्रीय नृत्य एवं संगीत की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं। एमएलके की छात्रा शिखा पांडेय, ऋषभ संगीत विद्यालय की अवनी दूबे व अमन मिश्रा ने एकल नृत्य प्रस्तुत किया। बाल भारती इंटर कॉलेज, मॉडर्न इंटर स्कूल और शारदा पब्लिक स्कूल के बच्चों ने समूह नृत्य प्रस्तुत कर खूब तालियां बटोरीं। कार्यक्रम का संचालन डॉ. साधना श्रीवास्तव ने किया। प्राचार्य ने भारतीय शास्त्रीय संगीत की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संगीत भारतीय संस्कृति की आत्मा है। विशिष्ट अतिथि हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रकाश चंद्र गिरी ने कहा कि संगीत भारतीय दर्शन का अभिन्न हिस्सा है और यह व्यक्ति के नैतिक व चारित्रिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। संस्थान के अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा कि भारतीय शास्त्रों में संगीत का विशेष महत्व है। सामवेद की ऋचाएं मानव को समग्र जीवन जीने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय शास्त्रीय संगीत समाज को संस्कृति और संस्कारों से जोड़ने का माध्यम है। कार्यक्रम का समापन डॉ. श्री प्रकाश ने किया।