बलरामपुर। तुलसीपुर, ललिया और जरवा क्षेत्र के करीब 100 गांवों में विद्युत आपूर्ति ठप होने से 50 हजार से अधिक उपभोक्ता भीषण गर्मी में परेशान हैं। रविवार रात से सोमवार दोपहर तक करीब 15 घंटे तक बिजली गायब रही। सबसे ज्यादा असर बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों पर पड़ा है। लोगों में विद्युत विभाग के प्रति भारी आक्रोश है। उपभोक्ताओं ने बिजली व्यवस्था में तत्काल सुधार नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
तुलसीपुर नगर में रविवार रात 10 बजे हल्की बूंदाबांदी के बाद ही बिजली कट गई, जो सोमवार दोपहर एक बजे बहाल हो सकी। व्यापारी दिलीप कुमार गुप्ता, अमित कसौधन, स्वाति तिवारी आदि ने बताया कि थोड़ी सी हवा या बारिश में घंटों की बिजली कटौती आम हो गई है। लो-वोल्टेज की समस्या भी लगातार बनी हुई है। वहीं ललिया क्षेत्र के साईंपुरवा गांव में 15 दिन पहले जला ट्रांसफार्मर अब तक नहीं बदला गया। ग्रामीणों ने कई बार अधिकारियों और 1912 हेल्पलाइन पर शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। शोएब, रामबचन, मनीष आदि ने बताया कि गर्मी में बिना बिजली के हाल बेहाल है।
जंगल क्षेत्र बना परेशानी की जड़
जरवा उपखंड के कोयलाबास फीडर से जुड़े दर्जनों गांव पिपरा, दुर्गा नगर, जनकपुर, बघेलखंड, सोनपुर, छपिया सुखरामपुर आदि में रविवार रात से बिजली पूरी तरह ठप है। ग्रामीणों ने बताया कि सुहेलवा जंगल क्षेत्र में तारों पर पेड़ गिरने या टहनियों के चिपकने से आए दिन बिजली बाधित रहती है। 60 किलोमीटर लंबे फीडर की नियमित पेट्रोलिंग न होने से फॉल्ट खोजने में देर होती है। उपभोक्ताओं ने नया उपखंड बनाए जाने की मांग की है।
जल्द बहाल होगी आपूर्ति
जेई सिद्धार्थ गौड़ ने बताया कि तुलसीपुर लाइन करीब 70 किलोमीटर लंबी है और बीच में नाले-तालाब व जंगल होने के कारण मरम्मत में समय लगता है। एसडीओ जय गोविंद ने कहा कि पेट्रोलिंग कराई जा रही है, जल्द बिजली बहाल होगी।