बलरामपुर। बाढ़ खंड बलरामपुर ने तटबंधों व कटानरोधी स्थलों की वार्षिक मरम्मत के लिए मिले बजट के करोड़ों रुपये बिना निविदा कराए ही खर्च कर दिए। इसकी शिकायत ग्राम श्रीनगर निवासी दीप नारायण मिश्र ने आयुक्त देवीपाटन मंडल से की है। आयुक्त ने कमेटी गठित कर मामले की जांच शुरू करा दी है।
देवीपाटन मंडल आयुक्त को भेजे गए शिकायती पत्र में दीप नारायण मिश्र ने कहा कि बाढ़ खंड बलरामपुर के सहायक अभियंता उपखंड प्रथम, तृतीय, चतुर्थ एवं पंचम ने एक अप्रैल 2021 से नौ जून 2022 तक मिले बजट के करोड़ों रुपये बिना निविदा कराए ही नियम विरुद्ध खर्च कर दिए।
उपखंड स्तर से प्राक्कलन तोड़कर मानक के विपरीत कार्य कराए गए हैं। विभागीय नियम के अनुसार एक लाख से ऊपर के बजट का काम बिना टेंडर कराए खर्च किया जाना वित्तीय अनियमितता की श्रेणी में आता है। यही नहीं शिकायतकर्ता का आरोप है कि कार्य स्थल पर काम भी नाममात्र ही कराया गया है।
दीप नारायण ने कराए गए कार्यों की निविदा के प्रकाशन वाले स्थानीय समाचार पत्रों का अभिलेखीय व स्थलीय सत्यापन कराने की मांग की है। यही नहीं कौन से कार्य कहां और कितने रुपये खर्च कर कराए गए, इनका भी स्थलीय सत्यापन कराया जाए। इन उपखंडों में टीआई तथा पीआई के माध्यम से नॉन टैक्स पेड वाउचरों से लगातार भुगतान किया गया और कराया जा रहा है, इसकी भी जांच होनी चाहिए।
शिकायत का संज्ञान लेकर आयुक्त एमपी अग्रवाल ने संयुक्त विकास आयुक्त राजेंद्र प्रसाद की अध्यक्षता में दो सदस्यीय जांच टीम गठित कर दी है। जांच अधिकारी ने बताया कि गत एक सितंबर को टीम जांच के लिए बलरामपुर गई थी। जांच अभी जारी है। जांच के बाद आयुक्त को रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
इस संबंध में बाढ़ खंड बलरामपुर के अधिशासी अभियंता ने बताया कि जांच टीम को सभी अभिलेख व साक्ष्य उपलब्ध करा दिए गए हैं। जांच में पूरा सहयोग किया जाएगा। दीप नारायण मिश्र ने नाजायज दबाव बनाने के लिए झूठी शिकायत की है।