दुष्कर्म के आरोपी को आठ वर्ष की कैद
बलरामपुर। एफटीसी प्रथम ने दुष्कर्म के एक आरोपी को दोषी मानते हुए आठ वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायाधीश ने आरोपी को आठ हजार रुपये अर्थदंड भी अदा करने का आदेश दिया है।
थाना महराजगंज तराई निवासी एक व्यक्ति ने न्यायालय पर प्रार्थना पत्र दिया था कि उसकी नाबालिग लड़की 22 जून 2015 को नित्यकर्म के लिए गई थी।
लड़की को अकेला पाकर सोनू अपने साथी मिश्रीलाल के सहयोग से बहला-फुसलाकर भगा ले गया। न्यायालय के आदेश पर लड़की को अगवा करने का मुकदमा पंजीकृत किया गया।
लड़की की बरामदगी के बाद उसके बयान के आधार पर सोनू के खिलाफ दुराचार के धारा की बढ़ोत्तरी की गई। पुलिस ने सोनू व मिश्रीलाल के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया।
सत्र परीक्षण के दौरान सरकारी अधिवक्ता वसीउल हसन ने सात गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत किया। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने व पत्रावली का अवलोकन करने के बाद एफटीसी प्रथम विजय कुमार आजाद ने सोनू को दुराचार का दोषी मानते हुए आठ वर्ष के कठोर कारावास व आठ हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
अर्थदंड अदा न करने पर आरोपी को आठ माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा। न्यायाधीश ने साक्ष्यों के अभाव में मिश्रीलाल को सभी आरोपों से बरी कर दिया।