4,851 रसोइयों को मिला बढ़ा मानदेय
बलरामपुर/उतरौला। परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाले रसोइयों को सरकार ने बड़ी सौगात दी है। रविवार को जिला मुख्यालय स्थित एमएलके पीजी कॉलेज और उतरौला में आयोजित समारोह में रसोइयों को बढ़े मानदेय के प्रतीकात्मक चेक और कैशलेस चिकित्सा कार्ड देकर सम्मानित किया गया। लखनऊ में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम का सजीव प्रसारण भी दिखाया गया। जिले के 4,851 रसोइयों को इन सुविधाओं का लाभ मिलेगा। फैसले से रसोइयों के चेहरे खिल उठे।
सरकार ने रसोइयों का मानदेय दो हजार से बढ़ाकर तीन हजार रुपये प्रतिमाह कर दिया है। साथ ही सालाना पांच लाख रुपये तक कैशलेस चिकित्सा सुविधा, पोशाक के लिए एक हजार रुपये प्रतिवर्ष और भारतीय स्टेट बैंक व बेसिक शिक्षा परिषद के समझौते के तहत दो लाख रुपये का मुफ्त दुर्घटना बीमा देने की घोषणा की गई।
विधायक पल्टूराम और जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने रसोइयों को प्रतीकात्मक चेक व चिकित्सा कार्ड सौंपे। विधायक ने कहा कि बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने में रसोइयों की अहम भूमिका है। मानदेय वृद्धि और स्वास्थ्य सुरक्षा से उनका आर्थिक व सामाजिक संबल मजबूत होगा। डीएम ने अधिकारियों को सभी पात्र रसोइयों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।
कार्यक्रम में आईं रसोइया आरती ने कहा कि पहली बार उनके लिए ऐसा फैसला हुआ है। इसी तरह सरिता ने कहाकि मानदेय बहुत कम था, अब बढ़ोत्तरी हुई है तो आगे और उम्मीद बढ़ी है। इसी तरह सीता, मीना आदि ने भी फैसले को सराहा।
इस अवसर पर बीएसए विकास श्रीवास्तव, बीईओ घनश्याम वर्मा व अशोक पाठक तथा नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि डीपी सिंह आदि मौजूद रहे। उतरौला में नगरपालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि अनूप चंद गुप्ता, गैड़ास बुजुर्ग ब्लाक प्रमुख राकेश तिवारी और खंड शिक्षा अधिकारी डॉ. स्वामीनाथ ने रसोइयों को सम्मानित किया। कार्यक्रम में चारों विकासखंडों के रसोइये, शिक्षक और शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।