बलरामपुर। दिल्ली में कांग्रेस नेता राहुल गांधी सहित विपक्षी सांसदों के साथ कथित अभद्र व्यवहार के विरोध में मंगलवार देर शाम कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नगर के वीर विनय चौराहे पर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष अनुज कुमार सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार जनता का विश्वास खो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक, महंगाई, बेरोजगारी और छात्रों से जुड़े मुद्दों पर सरकार विफल रही है। इन मामलों की जिम्मेदारी लेते हुए प्रधानमंत्री, केंद्रीय गृह मंत्री और केंद्रीय शिक्षा मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए।
जिला कोऑर्डिनेटर एवं पूर्व महासचिव विनय कुमार मिश्र ने कहा कि कांग्रेस जनता के मुद्दों को लेकर अपना आंदोलन जारी रखेगी। पूर्व प्रदेश सचिव चंद्रशेखर मिश्र ने कहा कि राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के नेतृत्व में पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष करती रहेगी। पीसीसी सदस्य पंकज गुप्ता ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराते हुए केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना की। अवधेश पाल सिंह ने भी सरकार की नीतियों पर नाराजगी जताई।
प्रदर्शन में अमिरका कुरील, सुरेंद्र यादव, समीर सिंह, विशाल कश्यप, अशोक वर्मा, चंद्रिका प्रसाद जायसवाल, फग्गू, अजीत सिंह, सुधीर श्रीवास्तव, जावेद सिद्दीकी और कादिर अली सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कांग्रेस नेताओं को घर में किया गया नजरबंद
प्रदर्शन के बाद कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें घरों में नजरबंद कर दिया। पूर्व जिलाध्यक्ष अनुज कुमार सिंह को नगर के सिविल लाइन स्थित उनके आवास तथा पूर्व महासचिव विनय कुमार मिश्र को ग्राम ज्वालापुरवा स्थित आवास पर रातभर नजरबंद रखा गया। अनुज कुमार सिंह ने आरोप लगाया कि विपक्षी नेताओं को घर से बाहर नहीं निकलने दिया गया और पुलिस सरकार के इशारे पर कार्य कर रही है।