बलरामपुर। यूपी बोर्ड की परीक्षा के लिए बनाए गए केंद्रों के निर्धारण में बरती गई मनमानी के आरोप की जांच अब शासन स्तर से होगी। इसके तहत 30 जनवरी तक केंद्र बनाने में बरती गई गड़बड़ी की जांच पूरी होगी। शिक्षा निदेशक (माध्यमिक) डॉ. महेंद्र देव ने जांच का जिम्मा उप शिक्षा निदेशक को सौंपा है। शिकायत मिली है कि परीक्षा के लिए कई केंद्रों को काफी दूरी पर बना देने से छात्रों को काफी परेशानी होगी।
इस साल परीक्षा के लिए 64 केंद्र बनाए गए हैं। केंद्रों का चयन छह सितंबर 2023 को शासन की ओर से जारी की गई केंद्र निर्धारण नीति से सॉफ्टवेयर के जरिए किया गया था। चयन से पूर्व माध्यमिक विद्यालय की ओर से यूपी बोर्ड को उपलब्ध कराई गई समस्त आधारभूत सूचनाओं का जिला विद्यालय निरीक्षक ने परीक्षण किया था। इसके बाद केंद्र तो बने, लेकिन कई स्कूलों ने छात्रों का नामांकन ही दूसरे स्कूलों में दिखाया गया था। इससे जिले के छात्रों का केंद्र गोंडा जिले के स्कूलों में तय हुआ है। मामले के तूल पकड़ने के बाद ही परीक्षा केंद्रों के निर्धारण में तय मानकों के अनुपालन की जांच पड़ताल कराई जा रही है।