फोटो-26-बलरामपुर के उतरौला-चंदनपुर जाने वाली जर्जर सड़क ।-संवाद
बलरामपुर। गैसड़ी विधानसभा क्षेत्र के लोगों के लिए लंबे समय से जर्जर पड़े उतरौला-पचपेड़वा-चंदनपुर मार्ग के चौड़ीकरण का रास्ता साफ हो गया है। शासन ने मार्ग के अवशेष हिस्से के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के लिए 75 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इससे क्षेत्र के करीब चार लाख लोगों को बेहतर आवागमन की सुविधा मिलने की उम्मीद है। सड़क निर्माण से जुड़ा मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ में विचाराधीन है।
जिले में इस मार्ग के चैनेज 17.700 से 38.850 तक कुल 21 किलोमीटर हिस्से का चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण कराया जाएगा। परियोजना की कुल लागत में 73 करोड़ 34 लाख रुपये निर्माण कार्य और एक करोड़ 72 लाख रुपये पांच वर्ष के अनुरक्षण के लिए निर्धारित किए गए हैं। पहली किस्त के रूप में 3 करोड़ 66 लाख 72 हजार रुपये भी अवमुक्त किए जा चुके हैं।
यह मार्ग गोंडा और बलरामपुर को नेपाल सीमा क्षेत्र से जोड़ने वाला करीब 70 किलोमीटर लंबा महत्वपूर्ण मार्ग है। इसका करीब 22 किलोमीटर हिस्सा पहले ही बनाया जा चुका है, जबकि शेष हिस्सा लंबे समय से खराब स्थिति में था। अब 21 किलोमीटर हिस्से के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण से आवागमन सुगम होने की उम्मीद है।
हाईकोर्ट में मामला पहुंचने के बाद शासन ने दिखाई तेजी
मार्ग के चौड़ीकरण को लेकर पूर्व विधायक शैलेश कुमार सिंह ने नौ दिसंबर 2024 को मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर इसे कार्ययोजना में शामिल कराने की मांग की थी। इसके बाद लोक निर्माण विभाग ने प्रस्ताव शासन को भेजा, लेकिन बजट जारी न होने के कारण निर्माण कार्य अटका रहा।
इसी बीच क्षेत्र के महेंद्र कुमार त्रिपाठी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल कर दी। मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने प्रमुख सचिव, लोक निर्माण विभाग को तलब किया। अब 14 सितंबर को मामले की फिर सुनवाई होनी है। इसी बीच शासन ने मार्ग के चौड़ीकरण के लिए बजट जारी कर दिया।
इस सड़क का मामला श्रावस्ती सांसद राम शिरोमणि वर्मा भी सदन में उठा चुके हैं। सांसद प्रतिनिधि डॉ. सुनील चौधरी ने बताया कि मार्ग के निर्माण से गैसड़ी विधानसभा क्षेत्र के साथ आसपास के करीब चार लाख लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी।