बलरामपुर। जिले में 21वीं पशुगणना की तैयारियां शुरू हो गई है। पशुपालन विभाग वर्ष 2019 के आंकड़ों के हिसाब से गणना के लिए टीमें बनाने की तैयारी में जुटा है। हालांकि अभी पशुगणना के लिए तिथि घोषित नहीं की गई है। सितंबर में पशुगणना कराने की तैयारी है। इस बार पशुधन गणना की पूरी प्रक्रिया भी ऑनलाइन मोबाइल एप के माध्यम से होगी। पशुगणना के लिए पहले कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. श्याम नगीना राम ने बताया कि वर्ष 2019 में 20वीं पशुगणना हुई थी। अब 2024 में 21वीं पशुगणना होगी। पशुपालन और डेयरी विभाग इस बार मोबाइल तकनीक का उपयोग करके पशुधन गणना करेगा क्योंकि इससे डेटा को ऑनलाइन अपलोड करने में मदद मिलेगी।
जिले में पशुगणना होने के बाद कुल पशुधन संपदा का पता आसानी से चल पाएगा। वर्तमान समय में गाय, भैंस व बकरियों सहित कुल पशुओं की संख्या छह लाख 94 हजार 839 है। 21वीं पशुगणना के लिए पशुपालन विभाग के साथ अन्य विभागों के ग्राम पंचायत स्तरीय अधिकारियों व कर्मचारियों की मदद ली जाएगी। ग्राम पंचायतवार टीमें बनाकर पहले कर्मियों को प्रशिक्षित किया जाएगा।
793 ग्राम पंचायतों में होगी गणना
जिले के सभी 793 ग्राम पंचायतों व पांच नगर निकायों के 96 वार्डों में पशु गणना की जाएगी। इसमें गाय, बैल, भैंस, भेड़, बकरी, सुअर, घोड़ा व कुत्ता सहित अन्य पशुओं की विभिन्न प्रजातियों की गणना कर आंकड़ा जुटाया जाएगा। पशुओं के क्षेत्र में उचित योजना बनाने, कार्यक्रम तैयार करने, पुनर्निमाण करने एवं विभिन्न योजनाओं को सही दिशा देने में पशुधन के आंकड़े सहायक होंगे।