बलरामपुर। जीएसटी पोर्टल पर फर्जी बिलिंग करने के आरोपी को कोतवाली देहात पुलिस ने एसटीएफ गोरखपुर के सहयोग से शनिवार को बिहार से गिरफ्तार कर लिया। सितंबर में हुए घोटाले में पुलिस आरोपी की तलाश कर रही थी। पुलिस अधीक्षक विकास कुमार ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।
सहायक आयुक्त राज्य कर, खंड-एक प्रवीण कुमार सिंह ने दो सितंबर को इनपुट टैक्स घोटाले की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि श्रीओम इंटरप्राइजेज नाम की फर्म ने फर्जी और कूटरचित दस्तावेज के आधार पर जीएसटी पंजीकरण कराया और बड़े पैमाने पर बोगस बिलिंग कर राजस्व को क्षति पहुंचाई। फर्म पर करीब 23.11 करोड़ इनपुट टैक्स हड़पने का आरोप था। मामले में पुलिस ने किशन कुमार निवासी ग्राम रामपुर असुरार, थाना भगवानपुर, जनपद वैशाली (बिहार) को गिरफ्तार कर लिया। प्रभारी निरीक्षक गिरजेश तिवारी ने बताया कि गिरफ्तारी के दौरान आरोपी के पास से दो लैपटॉप, दो मोबाइल फोन, एक हार्ड डिस्क, आधार कार्ड, पैन कार्ड, दो एटीएम कार्ड तथा 1172 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार इन सभी उपकरणों में फर्जी बिलिंग से संबंधित महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मौजूद हैं।
परास्नातक है आरोपी, लालच में किया फर्जीवाड़ा
पुलिस के मुताबिक प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह परास्नातक शिक्षित है और एकाउंटेंट के रूप में कार्य करता था। लालच में आकर उसने फर्जी कंपनियों के नाम से जीएसटी पोर्टल पर बोगस बिलिंग और कूटरचित डेटा फीडिंग की। जिसके बदले उसे कमीशन मिलता था। पुलिस ने मामले में आगे की जांच कर रही है। मामले में व्यक्तियों की भूमिका भी खंगाली जा रही है।