बलरामपुर। नगर निकाय चुनाव की मतगणना का परिणाम काफी चौंकाने वाला है। पांचों निकायों में कुल 72 प्रत्याशियों में से बलरामपुर नगर पालिका परिषद की निवर्तमान अध्यक्ष किताबुन्निशा व पचपेड़वा नगर पंचायत अध्यक्ष समन मलिक समेत 60 की जमानत तक जब्त हो गई है।
बलरामपुर नगर पालिका परिषद से इस बार कुल 16 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। पिछले चुनाव में बसपा से जीत हासिल करने वाली किताबुन्निशा निर्दल प्रत्याशी के तौर पर मैदान में उतरीं। उन्हें महज 19 वोट ही मिले हैं। जबकि उनके पति बसपा प्रत्याशी शाबान अली 9367 वोट पाकर दूसरे स्थान पर जगह बनाने में कामयाब रहे। यहां पर इसके अतिरिक्त आम आदमी पार्टी के मो. अरशद, कांग्रेस की शबाना, आल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के सिकंदर समेत 13 प्रत्याशी अपनी जमानत नहीं बचा सके।
उतरौला नगर पालिका परिषद में कुल आठ उम्मीदवार मैदान में थे। यहां पर सिर्फ भाजपा व सपा समर्थित निर्दल प्रत्याशी ही अपनी जमानत बचा सके हैं। कांग्रेस के मंजूर, बसपा के राजा समेत छह प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई। गैसड़ी से कुल 15 प्रत्याशी मैदान में थे, जिसमें से बसपा के मोहम्मद इरशाद, कांग्रेस के विजयपाल सिंह, आम आदमी पार्टी के सुशील कुमार समेत 12 की जमानत जब्त हो गई है। पचपेड़वा नगर पंचायत में कुल 15 उम्मीदवार मैदान में थे, जहां पर निवर्तमान चेयरमैन समन मलिक निर्दल प्रत्याशी के तौर पर मैदान में थे, उन्हें मात्र 16 वोट ही मिले हैं।
इसके अतिरिक्त यहां पर सपा के मेराज अहमद समेत 13 की जमानत जब्त हो गई है। तुलसीपुर में कुल 18 उम्मीदवार मैदान में थे। जिसमें से सिर्फ दो ही अपनी जमानत बचा सके हैं। सपा की निर्मला कुमारी, बसपा की मीना शाह समेत 16 उम्मीदवारों को जमानत बचाने लायक मत तक नहीं मिले।