मनरेगा कार्य में प्रदेश के रैंकिंग में 14वें स्थान पर बलरामपुर
- जून माह में डीएम के प्रयास से मनरेगा कार्य में लगाई छलांग
-टारगेट न पूरा करने वाले अफसरों को दी चेतावनी
अमर उजाला ब्यूरो
बलरामपुर। मनरेगा कार्य में जनपद प्रदेश की रैंकिंग में 14वें स्थान पर पहुंच गया है। जून माह में डीएम राकेश कुमार मिश्र के प्रयास से मनरेगा कार्य में सुधार होने पर जनपद ने प्रदेश की रैंकिंग में ऊंची छलांग लगाई है। जुलाई माह में निर्धारित टारगेट न पूरा होने पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई है। टारगेट न पूरा करने वाले अफसरों व कर्मियों के खिलाफ डीएम ने कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
डीसी मनरेगा बाल गोविन्द शुक्ला ने बुधवार को बताया कि जून माह में मनरेगा कार्यों में सुधार के चलते प्रदेश की रैंकिंग में जनपद का सुधार हुआ है। प्रदेश की जारी रैंकिंग में जिले ने 14वां स्थान प्राप्त किया है। शासन ने 12 जुलाई तक जिले में सात लाख 82 हजार मानव दिवस सृजित करने का टारगेट दिया था जिसके सापेक्ष पांच लाख तीन हजार मानव दिवस का सृजन किया जा चुका है। टारगेट के सापेक्ष दो लाख 79 हजार मानव दिवस का सृजन कम होने पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंनेे बताया कि शासन ने वित्तीय वर्ष 2017-18 में जिले को 24 लाख मानव दिवस सृजित करने का टारगेट दिया है। 31 मई 2017 तक जिले में कुल एक लाख 38 हजार मानव दिवस सृजित किए गए। जून माह में चार लाख 97 हजार मानव दिवस सृजित करने पर जिले का प्रदेश की रैंकिंग में काफी सुधार हुआ है। मनरेगा कार्य में हीला-हवाली बरतने पर डीएम ने बीडीओ के खिलाफ प्रतिकूल प्रविष्ट की शासन को संस्तुति किए जाने, ग्राम पंचायत सचिवों के वेतन रोकने व निलंबित करने, रोजगार सेवकों की सेवाएं समाप्त करने तथा ग्राम प्रधानों के वित्तीय अधिकार सीज करने की चेतावनी दी है। बीते दिन डीएम ने दो ग्राम पंचायत सचिवों को सस्पेंड कर 45 राजेगार सेवकों की सेवाएं समाप्त करने का निर्देश दिया। मनरेगा कार्य में तेजी लाने के सभी प्रयास किए जा रहे हैं।