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डिप निर्माण में लगी रुपये 13 लाख की लागत पानी में डूबी

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पानी में बही 13 लाख से बनी डिप
डिप बहने से कई गांवों के लोगों का आवागमन ठप
निर्माण में मानकों की अनदेखी का आरोप, लोगों ने डीएम से की जांच कराने की मांग

तुलसीपुर (बलरामपुर)। डिप निर्माण में लगी 13 लाख रुपये की लागत पानी में डूब गई है। नव निर्मित डिप पहली बरसात के बाढ़ का कहर भी नहीं झेल सकी। बाढ़ के पानी में डिप बह जाने से कई गांवों के लोगों का आवागमन ठप हो गया है। तहसील मुख्यालय से सटे गांवों के लोगों को अब चार किलोमीटर का चक्कर काटना पड़ रहा है। क्षेत्र के लोगों ने मानकविहीन डिप निर्माण की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। एसडीएम ने डीएम को रिपोर्ट भेजकर अग्रिम कार्रवाई करने की मांग की है।
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क्षेत्रवासी अनिल, राम बहादुर, आशीष, दुर्गा, अवधेश कुमार, मनीष व विपिन आदि ने डीएम को भेजे शिकायती पत्र में कहा है कि तुलसीपुर नगर के रामलीला मैदान से होते हुए शमशान घाट के किनारे स्थित नकटी नाला पर काफी प्रयास के बाद डिप का निर्माण कराया गया था। जिला पंचायत निधि से 13 लाख रुपये की लागत से चार माह पहले डिप का निर्माण पूरा हुआ था। नगर से सटे काशीराम व मनकौरा सहित कई गांवों के लोगों को चार किलोमीटर का चक्कर काटने से निजात मिल गई थी। बरसात के दौरान नकटी पहाड़ी नाले की बाढ़ के बहाव में डिप बह गई है। बाढ़ ने डिप का नामोनिशान भी मिटा दिया है। डिप की जगह अब नाले का पानी बह रहा है। ग्राम प्रधान सुधा श्रीवास्तव ने बताया कि डिप के निर्माण में मानक व गुणवत्ता की अनदेखी किए जाने की शिकायत पहले ही की गई थी। प्रशासन की शिथिलता के चलते मानकविहीन निर्माण पर अंकुश नहीं लग सका। क्षेत्र के लोगों ने डीएम से जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। एसडीएम तुलसीपुर एसके त्रिपाठी ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत पर डिप निर्माण की रिपोर्ट तैयार कराकर डीएम को भेजी गई है। डीएम के निर्देश पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
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