फोटो-18-बलरामपुर में टीकाकरण सत्र का निरीक्षण करते मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश शर्मा।-स
बलरामपुर। पशु चिकित्सालयों की बदहाल व्यवस्था और अधूरे टीकाकरण को लेकर संवाद न्यूज एजेंसी के अभियान का असर हुआ है। जिले में एंटी रेबीज वैक्सीन की 100 डोज उपलब्ध हो गई हैं। वहीं पशुओं के टीकाकरण में तेजी लाने के लिए ब्लॉकवार टीमें गठित कर टीकाकरण सत्रों की निगरानी शुरू कर दी गई है।
जिले में पशुओं को संक्रामक बीमारियों से बचाने के लिए 45 दिन का विशेष टीकाकरण अभियान चल रहा है। इसके तहत 1,97,628 पशुओं के टीकाकरण का लक्ष्य है। अब तक करीब 26 हजार पशुओं का टीकाकरण हो चुका है। अधिकारियों के अनुसार लक्ष्य पूरा करने के लिए ब्लॉकवार टीमों को जिम्मेदारी दी गई है और टीकाकरण सत्रों का निरीक्षण कराया जा रहा है।
सात पशु चिकित्सकों के पद खाली
जिले के 18 राजकीय पशु चिकित्सालयों में स्वीकृत 18 पशु चिकित्सकों के पदों के सापेक्ष 11 चिकित्सक ही तैनात हैं। सात पद रिक्त हैं। इसी तरह पशुधन प्रसार अधिकारियों के 18 पदों में छह पर ही तैनाती है। कर्मचारियों की कमी के कारण कई अस्पतालों में अतिरिक्त प्रभार देकर काम चलाया जा रहा है। रिक्त पदों पर तैनाती के लिए शासन को पत्र भेजा गया है।
बाहर से वैक्सीन खरीदने की समस्या होगी दूर
पड़ताल के दौरान जिला पशु चिकित्सालय में एंटी रेबीज वैक्सीन उपलब्ध नहीं होने का मामला सामने आया था। कुत्ते के काटने के मामलों में पशुपालकों को बाहर से वैक्सीन खरीदनी पड़ रही थी। अब विभाग को 100 डोज वैक्सीन मिल गई हैं। जरूरत के अनुसार इसे पशु चिकित्सालयों में उपलब्ध कराया जाएगा।
भवनों की मरम्मत व नए निर्माण का प्रस्ताव
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी ने बताया कि अस्पतालों में डॉक्टर और कर्मचारियों की कमी दूर करने के लिए शासन को पत्र भेजा गया है। टीकाकरण अभियान में तेजी लाने के लिए ब्लॉकवार टीमें गठित की गई हैं। जर्जर भवनों की मरम्मत के साथ नए भवनों के निर्माण के लिए भी शासन को प्रस्ताव भेजा गया है।