जिले के चौकीदारों ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन डीएम को सौंपा। राज्य कर्मचारी का दर्जा देने समेत अनेक मांगें उठाई।
चौकीदार संघ के जिलाध्यक्ष शारदानंद पासवान के नेतृत्व में पहुंचे चौकीदारों ने चेतावनी दी कि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। बताया कि चौकीदार मांगों को लेकर कई सालों से संघर्ष करते आ रहे हैं लेकिन विचार नहीं किया जा रहा है।
चौकीदार संघ के नौ सूत्रीय मांगों में बिहार की तरह चौकीदारों को चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी घोषित करने, चौकीदारों को प्रत्येक वर्ष सर्दी के मौसम में गर्म कपड़ा देने, चौकीदारों को वर्दी, साफा (लाल पकड़ी), लाठी मुहैया कराने, हर तीन साल पर नया साइकल देने, और हर साल साइकल और टार्च मरम्मत के लिए आर्थिक व्यवस्था देने की मांग की।
चौकीदारों को यदि कहीं आवश्यकतावश रोका जा रहा है, तो रहने के लिए कमरे की व्यवस्था के साथ ही भोजन की भी व्यवस्था करने, मानदेय का समय से भुगतान सहित अन्य मांगें भी उठाईं। चौकीदारों ने कहा कि बिहार सरकार की ओर से चौकीदारों का मानदेय और सुविधा यहां की अपेक्षा कई गुना बेहतर है।
उत्तर प्रदेश सरकार को भी चौकीदारों को इज्जत से जीने के लिए वेतन देने की व्यवस्था करनी चाहिए। इस मौके पर रामजी राम, रजन भारती, हरेराम, राम बहादुर यादव, शंभू यादव, मनोज, तुलसी, सुनील यादव आदि रहे।