मनियर। ग्राम पंचायत मानिकपुर में बिना काम कराए लाखों रुपये गबन करने के मामले में जांच करने शनिवार को जिला अर्थ एवं सांख्यिकी अधिकारी विजय शंकर और डीआरडीए के जेई रामराज मौर्य और जेई अरुण सिंह पहुंचे। काफी नोकझोंक के बाद 13 बिंदुओं पर जांच पुलिस बल की मौजूदगी में हुई। अधिकारियों ने ग्रामीणों से पूछताछ की।
मानिकपुर ग्राम पंचायत निवासी नथुनी यादव ने बिना कार्य कराए प्रधान व सचिव द्वारा करीब 13 लाख रुपए गबन करने का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से गुहार लगाई थी। इसकी प्रारंभिक जांच जिलाधिकारी के निर्देश पर तत्कालीन अधिकारी कृषि उपनिदेशक ने 13 बिन्दुओं पर की थी। इसमें अधिकांश बिन्दुओं पर कार्य नहीं कराए जाने व गबन करने का सत्यापन कर शासन को रिपोर्ट भेजी गई थी। जिसके क्रम में पूर्व में की गई जांच के आधार को सत्यापन कराने के लिए जिलाधिकारी ने फिर से टीम गठित कर जिला अर्थ एंव सांख्यिकी अधिकारी बलिया को सौंपा। जांच के दौरान जांच अधिकारी ने ग्रामीण सुशीला देवी, प्रभावती देवी, देवांती देवी, मीनू, कंचन, लक्ष्मण वर्मा, विनय यादव, अनिल चौहान आदि से कराए गए कार्यों के विषय में बयान दर्ज किया। ज्ञात हो कि जिलाधिकारी के निर्देश पर तत्कालीन प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारों पर रोक लगाते हुए उक्त ग्राम पंचायत में तीन सदस्यीय समिति गठन करने निर्देश भी दिया था। इसमें त्रिस्तरीय समिति गठन होने के बाद इस प्रकरण की अंतिम जांच हेतु टीम को मौके पर भेजा गया था। नामित जांच अधिकारी विजय शंकर ने बताया कि शासन के निर्देश पर 13 बिंदुओं पर जांच की गई। इसकी रिपोर्ट शासन को भेज दी जाएगी।