बलिया। नरही थाना क्षेत्र के सिकंदरपुर के दोहरे हत्याकांड के 17 महीने बाद जिला एवं सत्र न्यायालय ने फैसला सुना दिया है। मामले के चारों अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार झा की अदालत ने दोषी बिपिन यादव, शिवम राय, प्रियांशु राय और रुद्रेश राय पर 1.25 लाख - 1.25 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है। न्यायालय ने जुर्माने की आधी धनराशि पीड़ित पक्ष को दिए जाने का आदेश दिया है।
एक जनवरी 2025 को नरही थाना क्षेत्र के सिकंदरपुर गांव स्थित शराब के ठेके के पास पुरानी रंजिश में हमलाकर नारायणपुर निवासी प्रशांत गुप्ता (26) और गोलू वर्मा (23) की हत्या कर दी गई थी, जबकि जीतू गुप्ता (16) गंभीर रूप से घायल हो गया था। इस वारदात के विरोध में बाजार तक बंद रहे थे।
अभियोजन के अनुसार, नारायणपुर निवासी उर्मिला देवी और लक्ष्मण गुप्ता ने तहरीर में बताया था कि जीतू गुप्ता सरस्वती शिशु मंदिर, नारायणपुर में कक्षा दस का छात्र था। उसके मित्र भोलू को लेकर चल रहे विवाद के कारण आरोपी उससे रंजिश रखते थे। घटना के दिन आरोपी जीतू की पिटाई कर रहे थे। बीच-बचाव करने पहुंचे प्रशांत गुप्ता और गोलू वर्मा पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया था।
मामले में पुलिस ने बिपिन यादव, शिवम राय, प्रियांशु राय और रुद्रेश राय के विरुद्ध हत्या समेत अन्य गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की थी। जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य शिवम राय सहित दो आरोपियों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था। दो आरोपियों को बाद में गिरफ्तार किया था। विवेचना पूरी होने पर आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया गया, जिसके आधार पर सुनवाई शुरू हुई।
मामले की सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने पांच जून को फैसला सुरक्षित रख लिया था और सभी अभियुक्तों को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया था। बृहस्पतिवार को न्यायालय ने चारों को आजीवन कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई।