बलिया। जिले में गंगा और सरयू नदी के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी जारी है। मंगलवार को गंगा का जलस्तर तीन सेंटीमीटर प्रतिघंटा और सरयू का एक सेंटीमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से बढ़ता रहा। दोनों नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। लगातार बढ़ते पानी से तटवर्ती गांवों में एक बार फिर बाढ़ की आशंका गहराने लगी है। ग्रामीणों ने ऊंचे स्थानों पर जरूरी सामान पहुंचाना शुरू कर दिया है। प्रशासन ने बाढ़ चौकियों को अलर्ट करते हुए बंधों की निगरानी बढ़ा दी है।
दया छपरा : गंगा नदी के जलस्तर में तीसरी बार बढ़ोतरी शुरू होने से नदी किनारे बसे गांवों के लोगों की चिंता फिर बढ़ गई है। मंगलवार शाम चार बजे केंद्रीय जल आयोग के गायघाट गेज के अनुसार गंगा का जलस्तर खतरे के निशान 57.615 मीटर से करीब एक मीटर ऊपर पहुंच गया था।
जलस्तर में तीन सेंटीमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से बढ़ोतरी दर्ज की जा रही थी। गंगा के लगातार बढ़ते जलस्तर को देखते हुए तटवर्ती गांवों के लोग नदी के रुख पर नजर बनाए हुए हैं। केंद्रीय जल आयोग के गायघाट गेज के अनुसार जलस्तर में अधिकतम एक मीटर तक और बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है। बंधों की निगरानी बढ़ाई: बाढ़ विभाग के अधिशासी अभियंता इं. संजय मिश्रा ने बताया कि दोनों नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। बंधों की निगरानी के लिए अवर अभियंताओं को निर्देश दिए गए हैं। तटवर्ती इलाकों के लोगों से प्रतिदिन संपर्क किया जा रहा है।