त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान सोहांव विकास खंड के वार्ड नंबर 44 के
जिला पंचायत सदस्य पद के चुनाव में प्रत्याशी के सिंबल वितरण में गड़बड़ी
का मामला प्रकाश में आया है।
निर्वाचन अधिकारी द्वारा सिंबल वितरण के दौरान
टेलीफोन चुनाव चिह्न का आवंटन किया गया था, लेकिन मतदान के दिन उसे
टेलीविजन में बदल दिया गया। इस प्रकरण में आयोग ने इसे संज्ञान में लेते
हुए वार्ड नंबर 44 का चुनाव तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है।
शनिवार
को सुबह वार्ड नंबर 44 की जिला पंचायत की भाजपा उम्मीदवार सुनीता सिंह को
बैलेट पेपर खुलने के साथ ही पता चला कि उनका चुनाव चिन्ह बदल दिया गया है।
इसकी जानकारी होने पर भाजपा विधायक उपेंद्र तिवारी ने प्रेक्षक सहित
निर्वाचन से जुड़े सभी अधिकारियों को फोन से दी।
साथ ही प्रत्याशी सुनीता
देवी ने भी इसकी शिकायत चुनाव आयोग को पत्र भेजकर की। इस मुद्दे पर
पत्रकारों से भी बातचीत की गई। इस दौरान वार्ड नंबर 44 की प्रत्याशी सुनीता
सिंह ने कहा कि सिंबल वितरण के समय उसे चुनाव अधिकारी द्वारा टेलीफोन
चुनाव चिह्न आवंटित किया गया था।
जिसका बैलेट पेपर क्रम संख्या 18 पर सीमा
सिंह ने आवंटन कर दिया है। जबकि मेरा सिंबल बदलकर टेलीविजन कर दिया गया है।
18 नंबर पर सीमा सिंह का नाम अंकित कर चुनाव चिह्न आवंटित किए जाने से
हमारे मतदाताओं को काफी परेशानी हुइ है।
चुनाव चिह्न अचानक बदले जाने से
काफी क्षति हुई है। ऐसे में आदर्श चुनाव आचार संहिता के संविधानों का घोर
उल्लंघन हुआ है। जिसके कारण चुनाव को तत्काल निरस्त किया जाना आवश्यक है।
आवंटित चुनाव की छायाप्रति के साथ वार्ड नंबर 44 के बूथों पर भेजे गए सिंबल
वितरण पत्र की भी छाया प्रति शामिल किया गया है। विधायक उपेंद्र तिवारी ने
पत्रकारों से बातचीत के दौरान आरोप लगाया कि एक मंत्री के इशारे पर यह खेल
किया गया है।