बलिया। फर्जी सर्टिफिकेट पर परिषदीय शिक्षक बनें शिवनाथ यादव को बीएसए मनीष कुमार सिंह से बर्खास्त कर दिया है। इनकी शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर हुई थी, जिसके आधार पर हुई जांच में गड़बड़ी सामने आई।
मामले की गहराई से जांच कर अन्य संभावित अनियमितताओं को भी खंगालने में विभाग जुट गया है। शिवनाथ यादव पुत्र पुत्र सूर्यबली यादव निवासी ग्राम कटया, पोस्ट बहोरवां, तहसील बेल्थरारोड ने कूटरचित प्रमाणपत्रों के सहारे वर्ष 1999 में सहायक अध्यापक की नौकरी प्राप्त की थी। वर्ष 2008-2009 में इनकी पदोन्नति प्रधानाध्यापक पद पर हुई थी, लेकिन अकुशल होने के कारण शिक्षा क्षेत्र सीयर कंपोजिट विद्यालय बेलसंडी में सहायक अध्यापक के पद पर कार्यरत थे। इनके खिलाफ खूंटा बहोरवां निवासी अजीत यादव ने आईजीआरएस पर कूटरचित प्रमाणपत्र के सहारे अध्यापक बनने की शिकायत की थी।
विभागीय जांच में शिवनाथ का प्रमाणपत्र कूटरचित पाया गया। जांच में यह भी सामने आया कि करीब 26 साल नौकरी करते हुए संबंधित शिक्षक ने वेतन और अन्य मदों में सरकारी धन का लाभ उठाया। बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) मनीष कुमार सिंह ने बताया कि विभागीय जांच में आरोप सही पाए जाने पर शिक्षक को बर्खास्त कर दिया गया है। उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।