वृक्षों से हमारी संस्कृति का अटूट संबंध है। जिसके परिणामस्वरूप वृक्षों का आदर भाव करना हमें संस्कार से पीढ़ी दर पीढ़ी मिलता है। उक्त बात विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर वन विभाग द्वारा जीरा बस्ती में आयोजित संगोष्ठी के दौरान जिलाधिकारी मुरली मनोहर लाल ने कही।
कहा कि आज भी हमारे समाज के लोग दिन और तिथि के अनुसार वृक्षों की पूजा करते हैं और पर्याप्त मात्रा में वृक्ष लगाते हैं। कहा कि आज पृथ्वी से जिस प्रकार वृक्षों का क्षरण हो रहा है, वह चिंता का विषय है। जिलाधिकारी ने जीरा बस्ती में पौध लगाकर जनपदवासियों को वृक्षरोपण के प्रति जागरूक किया। वन विभाग के प्रभागीय वन निदेशक एसएन सिंह ने कहा कि धरती पर ईश्वर का वरदान हैं पौधे। जगदीश नारायण राय, ईश्वरचंद्र सिंह, भगवान सिंह, एसपी दुबे, पीएन तिवारी, रामकृपाल मिश्र, श्रीमोहन सिंह, एके पांडेय आदि उपस्थित रहे।
उधर, विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर टाउन इंटर कालेज में चल रहे ग्रीष्मकालीन चित्रकला कार्यशाला में छात्र-छात्राओं ने पर्यावरण से संबंधित पेंटिंग कर लोगों को जागरूक किया। संयोजक डॉ. इफ्तेखार खां, कुमारी श्वेता पांडेय, हरिशंकर प्रसाद, नुरुल हक, अंबिका, श्रेया, प्रांजल, गीता, आंचल, दीप्ति, संध्या आदि उपस्थित रहे। बेरूआर बारी में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर मनियर रेंज द्वारा ब्लाक प्रमुख अनिल सिंह ने पौध रोपण किया। महर्षि बाल्मिकि विद्या मंदिर में भी प्रधानाचार्य एसडी सिंह ने समस्त स्टाफ के साथ पौध रोपण कर लोगों को जागरूक किया। उधर, वन विभाग बलिया द्वारा इस वर्ष 428 हेक्टेयर में चार लाख पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है। यह जानकारी बलिया के डीएफओ एसएन सिंह ने दी। कहा कि इस महान उद्देश्य को पूरा करने के लिए सभी जनपदवासी वन कर्मियों का भरपूर सहयोग करे।