बलिया। उर्वरक खरीद बिक्री में लापरवाही बरतने पर उर्वरक की 19 दुकानों का लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है। जिला कृषि अधिकारी विकेश कुमार ने कार्रवाई के बाद इन दुकानदारों से तीन दिनों के अंदर इस बाबत स्पष्टीकरण मांगा है।
जनपद में कुल 893 उर्वरक की दुकानें और इन्हें ई-पॉस मशीन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। कृषि विभाग की ओर से उर्वरक व्यवसायियों को निर्देश दिया गया था कि ई-पॉस मशीन से ही कृषकों को उर्वरक की बिक्री करें। इसके तहत उर्वरक विक्रेता को कंपनी या थोक विक्रेता प्राप्त होने वाले उर्वरक को भी ई-पॉस मशीन में एक्नॉलेजमेंट किया जाए एवं उसके बाद आधार के माध्यम से उर्वरक की बिक्री की जाए।
इसकी समीक्षा जब कृषि विभाग के अधिकारियों ने की तो जिले के 19 उर्वरक व्यवसायियों द्वारा शुक्रवार तक उर्वरक का एक्नॉलेजमेंट नहीं किया गया था। इसे अनियमितता मानते हुए जिला कृषि अधिकारी ने 19 उर्वरक की दुकानों का लाइसेंस निलंबित कर दिया। जिला कृषि अधिकारी ने इन दुकानदारों को स्पष्टीकरण के साथ उर्वरक की आख्या तीन दिनों के अंदर प्रस्तुत करने को कहा है।
उर्वरक दुकानदार कर सकते हैं विकल्प का प्रयोग
बलिया। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि जिन उर्वरक विक्रेताओं के ई-पॉस मशीन किन्हीं कारणों से खराब हैं उन्हें शासन की ओर से विकल्प की व्यवस्था की गई है। संबंधित दुकानदार मोबाइल पर खाद एप डाउनलोड कर बॉयोमेट्रिक सिस्टम के जरिए आधार से किसानों को उर्वरक की बिक्री कर सकते हैं।