मौसम का मिजाज लगातार दूसरे दिन भी बिगड़ा रहा। कोहरे व धुंध से जनजीवन बेपटरी होने लगा है। कड़ाके की ठंड से लोग बेहाल होने लगे हैं। अपराह्न में कुछ देर के लिए निकली हल्की धूप भी ठंड से राहत नहीं दिला पाई। पूरे दिन आसमान से ओस गिरती रही। अधिकतम तापमान कुछ चढ़कर 17 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि न्यूनतन तापमान आठ डिग्री पर बना रहा। बलिया में आठवीं तक के स्कूल 16 जनवरी तक बंद कर दिए गए हैं।
मौसम का रूप लगातार बदल रहा है। रविवार की सुबह घनघोर कोहरा रहा और आसमान में हल्के बादल के साथ ही हल्की पछुआ हवा चलने से ठंड बना रहा। कोहरा इस कदर रहा कि हल्की बूंदे टपकती रही। पूरे दिन कोहरा व धुंध के कारण ठंड से लोग बेहाल रहे।
नगर में कहीं कार्टून तो कहीं टायर आदि जलाकर लोग शरीर को गरम करते रहे। चल रही हल्की पछुआ हवा के कारण कड़ाके की ठंड से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। सुबह-शाम तो ठंड में काफी इजाफा हो जा रहा है। हालांकि अपराह्न में कुछ देर के लिए हल्की धूप निकलने से लोगों को राहत मिली लेकिन ठंड से लोग सहमे रहे।
बेल्थरारोड :
गलनभरी ठंड का कहर जारी है। ठंड से लोगों की दिनचर्या गड़बड़ा गई है तथा लोग परेशानहाल हैं। ठंड से बचाव के लिए लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं, फिर भी कंपा देने वाली ठंड ने लोगों को हिला कर रख दिया है। इस बीच धुंध व कोहरा छाए रहने से सड़कों पर वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई और लोगों की आवाजाही कम रही।
पिछले कई दिनों तक बादलों की ओट में छिपे भगवान भास्कर का दोपहर के बाद दर्शन हुआ, लेकिन सूर्य के किरणों में तपिश नहीं रही और गलनभरी ठंड का सितम बदस्तूर जारी रहा। धूप खिलने के बाद लोगों की चहल-पहल शुरू हुई तथा कार्य निपटाने के बाद लोग जल्दी घरों की ओर लौट पड़े। ठंड से अधिक परेशानी रात में ट्रेन से आने- जाने वाले लोगों को हो रही है। ठंड से बचाव के लिए प्रशासन द्वारा चुनिंदा स्थानों पर अलाव जलाए जा रहे हैं।