बताया कि पहली दफा मैराथन में हिस्सा ले रहा हूं। खेल के प्रति लोगों का जज्बा देख कर काफी अच्छा लगा। यहां के लोगों में काफी पोटेंशियल है। हॉफ मैराथन में पहली बार भाग ले रहे केन्या के दूसरे धावक स्टीफन कोसगई का कहना था कि इसकी जानकारी मुझे सोशल मीडिया से हुई।
मैंने पहले भी इसके बारे में सुन रखा था लेकिन भाग लेने का अवसर इस बार मिला। यहां आकर काफी अच्छा लग रहा है। इसके पूर्व राष्ट्र नायक चंद्रशेखर मैराथन समिति के सदस्यों ने कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश सरकार के खेल और युवा कल्याण मंत्री गिरीश चंद्र यादव, मुख्य अतिथि परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह, कार्यक्रम के संरक्षक राज्यसभा सदस्य नीरज शेखर, पूर्व मंत्री नारद राय सहित हॉफ मैराथन की शुरुआत करने वाले तत्कालीन बेसिक शिक्षा अधिकारी और वर्तमान में अलीगढ़ में बीएसए राकेश सिंह सहित अन्य अतिथियों का स्वागत किया।
इस दौरान मौजूद खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों को संबोधित करते हुए अतिथियों ने राष्ट्र निर्माण में पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के योगदान को याद करते हुए उक्त कार्यक्रम को उनके लिए विशेष श्रद्धांजलि बताया। इस मौके पर अंतरराष्ट्रीय कोच रुस्तम खां, बीएसए मनीष सिंह, भाजपा नेता उत्कर्ष सिंह, उमेश सिंह, नवतेज सिंह, यशजीत सिंह, अनिल सिंह, शिक्षक नेता जितेंद्र सिंह, प्रदीप सिंह आदि मौजूद रहे।
चप्पे-चप्पे पर तैनात रही पुलिस
हॉफ मैराथन को लेकर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। धावकों को किसी प्रकार की कोई दिक्कत न हो इसके लिए माकूल व्यवस्था की गई थी। खिलाड़ियों के लिए पूरे रास्ते में रिफ्रेशमेंट बूथ लगाए गए थे तो वहीं वाहनों की आवाजाही रोकने के लिए जगह जगह बैरिकेडिंग की गई थी।
सिकंदरपुर चौराहा, खेजुरी थाना, खड़सरा जिगरसंड मोड पर भी बैरिकेडिंग कर बड़े वाहनों को रोका जा रहा था। जबकि खिलाड़ियों की सुरक्षा और सुविधा के लिए आयोजन समिति के वालंटियर सहित खेजुरी और सुखपुरा थाने की पुलिस, महिला थाना प्रभारी सहित अग्नि शमन दल तैनात रहा।