बलिया। ददरी मेला और कार्तिक पूर्णिमा पर श्रद्धालुओं के लिए रोडवेज प्रशासन ने विशेष व्यवस्था की है। ददरी मेले में आने वाले श्रद्धालुओं को असुविधा न हो, इसके लिए उत्तर प्रदेश राजकीय परिवहन निगम की 107 बसें विभिन्न मार्गों पर चलाई जाएंगी। इससे जिले के विभिन्न क्षेत्रों और गैर जनपदोें से आने वाले श्रद्धालुओं को सहूलियत होगी। कार्तिक पूर्णिमा पर श्रद्धालु गंगा घाट पर स्नान करने के बाद महर्षि भृगु पूजन कर ददरी मेले का लुत्फ उठाते हैं।
जिला प्रशासन की पहल पर रोडवेज की ओर से ददरी मेला और कार्तिक पूर्णिमा पर स्नान के लिए बलिया और आसपास के जनपदों से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए 107 रोडवेज बसों के संचालन की व्यवस्था की गई है। ये बसें सिकंदरपुर, नगरा, बेल्थरारोड, गड़वार रोड पर चलेंगी। इसके अलावा, आजमगढ़, गाजीपुर, वाराणसी, देवरिया से भी परिवहन निगम की बसें श्रद्धालुओं को बलिया पहुंचाने का काम करेंगी। महर्षि भृगु के शिष्य दर्दर मुनि के नाम पर बलिया का ऐतिहासिक ददरी मेला कई दशकों से होता आ रहा है। बलिया के महर्षि भृगु के मंदिर पर श्रद्धालु जलाभिषेक करने कार्तिक पूर्णिमा के दिन पहुंचते हैं। उससे ठीक पहले बलिया नगर पालिका परिषद कार्तिक पूर्णिमा की पूर्व संध्या पर एक गंगा आरती का आयोजन करता है। यह आयोजन गंगा घाट के तट पर वाराणसी के दशाश्वमेध घाट की तर्ज पर होता है। इसे देखने के लिए बलिया के विभिन्न इलाकों के अलावा दूरदराज से भी लोग आते हैं।
बलिया डिपो के एआरएम उमाकांत मिश्रा ने बताया कि जिला प्रशासन के साथ कार्तिक पूर्णिमा स्नान को लेकर विभिन्न विभागों की बैठकें हो चुकी हैं। इसमें यह निर्णय लिया गया है कि जनपद के विभिन्न मार्गों पर 107 बसों का संचालन कार्तिक पूर्णिमा के एक दिन पहले और स्नान के दूसरे दिन तक किया जाएगा। आजमगढ़ क्षेत्रीय प्रबंधक का निर्देश पत्र भी प्राप्त हो गया है। बलिया डिपो की 27 बसें स्नान के दिन विशेष तौर पर संचालित की जाएगी। इसके साथ ही अंबेडकर नगर से 15, आजमगढ़ से 15, मऊ 10, दोहरीघाट से 20 और बेल्थरारोड डिपो से 20 बसें मांगी गई हैं।