दुबहर। भारतीय स्वाधीनता संग्राम के प्रथम नायक अमर शहीद मंगल पांडेय की 195वीं जयंती उनकी जन्मस्थली नगवां में मनाई गई। शुक्रवार को मंगल पांडे स्मारक सोसाइटी एवं भूतपूर्व सैनिक संगठन द्वारा आयोजित सांस्कृतिक एवं सम्मान समारोह में शहीदों की गौरवगाथा गूंजती रही।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि पूर्व सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त, साहित्यकार डा़ॅ जनार्दन राय, ओम प्रकाश तिवारी और अन्य ने मंगल पांडेय की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर किया। भारत माता की जय और मंगल पांडे अमर रहे के नारे गूंजते रहे। पूर्व सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त ने कहा कि मंगल पांडेय के बलिदान ने ही देश की आजादी की नींव रखी। युवाओं को उनके जीवन से प्रेरणा लेनी चाहिए। कहा राष्ट्रीय धर्म से बढ़कर कुछ भी नहीं है। जनार्दन राय ने कहा कि शहीद मंगल पांडेय के आदर्श आज भी प्रासंगिक हैं। उनके सिद्धांतों को अपनाकर ही एक सशक्त राष्ट्र का निर्माण संभव है। स्मारक समिति के सचिव ओमप्रकाश तिवारी ने सरकार से मांग की कि नगवां में राष्ट्रीय स्तर का संग्रहालय स्थापित किया जाए। इस दौरान जरूरतमंदों के बीच कंबल बांटे गए। विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश किया। उन्हें मेडल और प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया।
जयंती पर निकाली प्रभातफेरी
दुबहर। स्वतंत्रता संग्राम के प्रथम महानायक शहीद मंगल पांडेय की जयंती पर शुक्रवार को नगवां स्थित शहीद मंगल पांडेय इंटर काॅलेज में समारोह हुआ। प्रभात फेरी और गार्ड आफ ऑनर के साथ हुए कार्यक्रम में शहीद पत्रिका का विमोचन किया गया।
विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने गांव का भ्रमण किया। विद्यालय परिसर में स्थित शहीद की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। शहीद पत्रिका का विमोचन पूर्व जिला पंचायत चंद्र प्रकाश पाठक ने किया। चंद्रप्रकाश पाठक ने कहा कि यह पत्रिका नई पीढ़ी को अपनी जड़ों और गौरवशाली इतिहास से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनेगी।
विजेता खिलाड़ियों को किया सम्मानित
विद्यालय के नगवा निवासी आशुतोष पाठक ने ताइक्वांडो खेल में स्टेट लेवल पर गोल्ड मेडल प्राप्त करने और स्टेट लेवल पर स्कॉलरशिप में स्थान प्राप्त करने वाले आयुषी पासवान और आयुषी पांडे को प्रबंधक विकेश पाठक ने मेडल और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में अपिल पाठक, नागेश पाठक, आदित्य नारायण पाठक, धनन पाठक, विवेकानंद सिंह रहे।