नवरतनपुर-सिसोटार मार्ग पर जलभराव और मलबा
नवरतनपुर-सिसोटार रिंगबंधा मार्ग की बदहाली से राहगीरों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। लीलकर गांव के पास सड़क पर पानी भरने से यह तालाब में बदल गई है। लगभग 20 दिनों से सड़क पर ईंट और मलबा पड़ा है, जिससे आवागमन बाधित हो रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, सड़क लंबे समय से जर्जर है और उसमें जगह-जगह गड्ढे हैं।
बारिश में गड्ढों में पानी भरने से उनका अंतर पता नहीं चलता। इससे दोपहिया वाहन चालक आए दिन गिरकर चोटिल हो रहे हैं। वाहन चालकों को किनारे से गुजरना पड़ रहा है, जिससे पैदल राहगीरों को भी दिक्कत है। ग्रामीणों ने लोक निर्माण विभाग से पानी निकालने, मलबा हटाने और मार्ग की मरम्मत की मांग की है।
सुल्तानपुर में 300 मीटर सड़क पर कीचड़, ग्रामीण परेशान
विकास खंड बेलहरी की ग्राम पंचायत सुल्तानपुर में 300 मीटर लंबी सड़क बदहाल है। यह सड़क राष्ट्रीय राजमार्ग-31 के दक्षिण में स्थित है। बारिश और बाढ़ के पानी से पूरा रास्ता कीचड़ में बदल गया है। इससे ग्रामीणों का आवागमन मुश्किल हो गया है। स्कूली बच्चों, महिलाओं, बुजुर्गों और बीमार लोगों को प्रतिदिन परेशानी होती है।
ग्रामीणों ने कई बार मिट्टी डालकर रास्ता ठीक करने का प्रयास किया। लेकिन बारिश का पानी मिट्टी को बहा ले जाता है। ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान और अधिकारियों को समस्या बताई, पर स्थायी समाधान नहीं हुआ। दिलशाद खान सहित कई ग्रामीणों ने सड़क निर्माण की मांग की है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि संपूर्णानंद ने बताया कि बाढ़ का पानी उतरने के बाद सड़क दुरुस्त की जाएगी।
मानपुर-चितबड़ागांव संपर्क मार्ग पर जलभराव से राहगीर परेशान
चितबड़ागांव के मानपुर को चितबड़ागांव से जोड़ने वाला संपर्क मार्ग इन दिनों जलभराव से बेहाल है। बारिश के बाद सड़क पर पानी भरने से आवागमन प्रभावित है। गड्ढे पानी में डूबने से दोपहिया वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। स्थानीय निवासियों ने पैदल चलने में कठिनाई और गिरने की समस्या बताई।
मदन मोहन सिंह ने कहा कि जलनिकासी की उचित व्यवस्था न होने से यह हर साल की समस्या है। अमरजीत यादव ने मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर तीन बार शिकायत की है। उनका आरोप है कि पीडब्ल्यूडी धन के अभाव का हवाला देकर समाधान नहीं करता। ग्राम विकास अधिकारी दुर्गेश कुमार ने बताया कि यह सड़क लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधीन है। ग्रामीणों ने प्रशासन और पीडब्ल्यूडी से तत्काल पानी हटवाने और स्थायी समाधान की मांग की है।
सड़कों की मरम्मत के लिए प्रस्ताव शासन को भेजे गए हैं। बारिश के बाद सड़कों के मरम्मत की जाएगी। बारिश के कारण कुछ सड़कों की पिचिंग का काम रुका हुआ है। - केसरी प्रकाश, एक्सईएन, लोक निर्माण विभाग।