फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ट्रांसफार्मर जलने से एक माह से पेयजल को तरह रहे यात्री

विज्ञापन
विज्ञापन
बैरिया। सुरेमनपुर रेलवे स्टेशन परिसर में लगा ट्रांसफार्मर जलने के कारण पिछले एक महीने से पेयजल के लिए यात्री भटक रहे हैं। बार-बार के सूचना के बावजूद बिजली विभाग की ओर से ट्रांसफार्मर नही बदले जाने से स्टेशन परिसर में अंदेरा पसरने के सा ही पानी टंकी व आरओ मशीन बिजली के अभाव में बन्द पड़ी है। यात्री परेशान हैं। स्टेशन अधीक्षक कई बार बिजली विभाग से ट्रांसफार्मर बदलने का आग्रह कर चुके हैं, बावजूद इसके बिजली विभाग कान में तेल डाले हुए है। वहीं, प्लेटफार्म पर छांव के लिए डाली गई टीन शेड से बारिश का पानी टपक रहा है। स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था का अभाव है। फैली गंदगी यात्रियों के लिए कोढ़ में खाज बनी हुई है। आलम यह है कि नौ बजे रात को डाउन सारनाथ एक्सप्रेस के जाने के बाद सुरेमनपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म संख्या एक अराजक तत्वों के गिरफ्त में हो जाता है। नशे की हालत में प्लेटफार्म नम्बर एक पर युवकों के समूह शोरगुल करना व उधम मचाना आम बात हो गई है। रात में साढ़े नौ बजे के बाद बुकिंग काउंटर वाले कमरे का ताला बंद हो जा रहा है। मौके से जीआरपी व आरपीएफ के जवान भी गायब हो जाते हैं। ऐसी स्थिति में यात्रियों व विशेषकर महिलाओं को भयभीत होकर समय गुजारना पड़ता है। यात्री विनोद सिंह ने बताया कि रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म पर जीआरपी की पुलिस चौकी स्थापित होनी चाहिए। वहीं, उमेश सिंह ने कहा कि बिजली नहीं रहने पर रात में रेलवे द्वारा जरनेटर चलवाने की व्यवस्था होनी चाहिए। प्रीता कुमारी चौबे ने कहा कि रेलवे स्टेशन पर महिलाओं के लिए विशेष व्यवस्था होनी चाहिए। महिलाएं भयमुक्त होकर यात्रा नहीं कर पा रही हैं। धीरज तिवारी ने स्पस्ट किया कि सुरेमनपुर स्टेशन पर आमदनी के अनुसार रेलवे खर्च नहीं कर रहा है। इसलिए यहां असुविधा बरकरार है। यात्रियों के लिए यहा रेल सुविधा बढ़ाने की जरूरत है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें