शपथ लेने के बाद निर्वाचित ग्राम प्रधान सोमवार की सुबह पूजन-अर्चन के बाद बड़े-बुजुर्गों का आशीर्वाद ले ग्राम पंचायत के विकास कार्य की रणनीति बनाने में जुट गए हैं। प्रधानों ने अपने ग्राम पंचायत के सभी ग्रामीणों को आश्वासन दिया है कि अब हम सभी मिलकर गांव का विकास करेंगे।
ग्राम पंचायत श्रीकांतपुर नारायणगढ़ की प्रधान मालती सिंह अपने पति रूपकिशोर सिंह के साथ सोमवार को मंदिर में पूजन-अर्चन के बाद ग्रामीणों से घर-घर जाकर मिलीं। इस दौरान उन्होंने गांव की विभिन्न समस्याओं को सुनने के बाद उसके निस्तारण के लिए ग्रामीणों से मंत्रणा की और सहयोग मांगा।
कोटवा प्रधान जनकदुलारी भी मौजूदा समय में धनुष यज्ञ मेला में मेलार्थियों और व्यापारियों के सहयोग में जुट गई हैं। बैरिया ग्राम प्रधान शांति देवी अपने बेटे मुटन वर्मा के साथ ग्रामीणों से मुलाकात कर पिछले अधूरे कार्यों के विषय में जानकारी ली।
चकिया प्रधान रीतू सिंह अपने पति अरूण कुमार सिंह ने साथ ग्रामीणों के बीच जाकर कहा कि आप जो भी समस्याएं हैं और समस्याओं का सामाधान है, हमें बताएं। समस्याओं का जैसे हो सकेगा निस्तारण किया जाएगा। बलिहार के प्रधान सुमन मिश्र पत्नी सुशील मिश्र भी गांव की साफ-सफाई कराकर कार्य की शुरूआत की।
मधुबनी प्रधान किरण देवी अपने पति विजय गोंड के साथ मधुबनी बाजार एवं गावों का निरीक्षण किया। इस दौरान गांवों की समस्याओं को सुन, उसके निस्तारण का आश्वासन दिया। जगदेवा प्रधान निर्मला मिश्र अपने प्रतिनिधि संजय मिश्र के साथ गांव का जायजा लिया।
गांवों में ग्रामीणों की शिकायत थी कि गांव के राशन दूकानदार खाद्यान्न वितरण में धांधली कर रहे हैं। इस पर अनाज वितरण में गड़बड़ी को दुरुस्त करने का आश्वासन दिया।
वहीं दलपति के प्रधान अमरदेव यादव, केहरपुर प्रधान विजय कांत पांडेय, श्रीनगर प्रधान राजेश यादव, बैजनाथपुर रिंकू पत्नी राकेश यादव, चाईछपरा प्रधान सुनीता पत्नी हरेराम यादव, दुर्जनपुर के प्रधान कृष्ण कुमार यादव ने भी सोमवार को पूजन-अर्चन कर गांव के विकास के लिए संकल्प जताया।
अखिल भारतीय विश्वकर्मा शिल्पकार महासभा इकाई सिकंदरपुर की बैठक क्षेत्रीय कार्यालय बालूपुर रोड पर हुई। जिसमें त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में जीते हुए प्रतिनिधियों का स्वागत किया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि महासभा के विशिष्ट सदस्य लल्लन शर्मा ने कहा कि समाज के जनप्रतिनिधियों से जनहित एवं समाज हित में अद्वितीय भूमिका निभाने के लिए अत्याधुनिक टेकभनालजी का प्रयोग करना चाहिये।