बलिया। भाजपा सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त वर्ष 2010 के एक मामले में अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश एमपी एमएलए कोर्ट तपस्या त्रिपाठी की कोर्ट में मंगलवार को पेश हुए। इस दौरान उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। सांसद की तरफ से जमानत के लिए याचिका पेश की गई। न्यायाधीश ने याचिका स्वीकार कर ली।
कलक्ट्रेट परिसर में गोलबंद होकर नारेबाजी करने, सरकारी कार्यों में बाधा उत्पन्न करने के आरोप में वर्ष 2010 में शहर कोतवाली में वीरेंद्र सिंह मस्त, उपेंद्र तिवारी, वीरेंद्र सिंह, अनिल कुमार, विजय गुप्ता, वायगनाथ मिश्र व अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। इस मामले में पेश नहीं होने पर अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश एमपी एमएलए कोर्ट ने सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिया था। मंगलवार को सांसद कोर्ट में पेश हुए उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। बाद में अदालत ने उनकी जमानत स्वीकार कर ली।