बलिया। पीएम पोषण योजना अंतर्गत परिषदीय व माध्यमिक विद्यालयों में मध्याह्न भोजन संचालित करने की योजना है। लेकिन 90 माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा 1 से 8 तक के बच्चों को मध्याह्न भोजन का लाभ नहीं मिल रहा है।
जिला बेसिक शिक्षाधिकारी ने 24 जुलाई वर्ष 2025 को जिला विद्यालय निरीक्षक को पत्र लिख कर इन माध्यमिक विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना लागू करने की मांग की थी। पत्र में आग्रह किया था कि शासनादेश सात अप्रैल 2011 के अंतर्गत मध्याह्न भोजन योजना का संचालन माध्यमिक विभाग के आच्छादित किया जाना है। इसके बावजूद कुछ विद्यालयों में ही योजना संचालित है। 90 माध्यमिक विद्यालयों के बच्चे मध्याह्न भोजन से वंचित रह गए हैं।
पीएम श्री योजनांतर्गत आच्छादित विद्यालयों में पका पकाया भोजन परोसने की व्यवस्था है। जिसमें केंद्रांश और राज्यांश शामिल होता है। मध्याह्न भोजन समन्वयक के अनुसार तो प्राथमिक विद्यालयों में लागत दर 6़19 रुपये प्रति छात्र प्रति दिवस कन्वर्जन मनी के रूप में दिया जाता है। जिसमें 3़ 71 रुपये केंद्रांश और 2़ 41 रुपये राज्यांश शामिल है। वहीं उच्च प्राथमिक विद्यालयों में परिवर्तन लागत की दर 9़ 29 रुपये दिए जाते हैं। जिसमें केंद्रांश 5़ 57 रुपये और राज्यांश 3़ 72 रुपये शामिल है। यह व्यवस्था 30 अप्रैल 2025 तक प्रभावी रही। विद्यालयों में 1 मई 2025 से प्राथमिक विद्यालयों में परिवर्तन लागत की नवीन दर 6़ 78 रुपये तथा उच्च प्राथमिक विद्यालयों में 10़ 17 रुपये कर दी गई। परिवर्तन लागत के पैसों में ही बच्चों का दूध भी शामिल है। विद्यालयों में बच्चों को फल देने के लिए प्रति छात्र चार रुपये अलग से दिए जाते हैं।
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माध्यमिक के जिन विद्यालयों में मध्याह्न भोजन अभी तक लागू नहीं किया गया है, वहां भी तत्काल लागू कराया जाएगा। बच्चों को विद्यालयों में पौष्टिक भोजन मिले यह अच्छी बात है। इस पर काम किया जा रहा है। इसे बहुत जल्द कार्य रूप में परिणित कर दिया जाएगा। - देवेंद्र कुमार गुप्ता, जिला विद्यालय निरीक्षक, बलिया।