आरोप है कि ईओ और चेयरमैन ने नाला निर्माण के नाम पर वित्तीय अनियमितिता की है। चूना छिड़काव के नाम पर प्रतिमाह लाखों रुपये का गबन किया जा रहा है। जलकल एवं सफाई संविदाकर्मियों का वेतन चार माह से रोका गया है। उन्होंने मामले में ईओ पर कार्रवाई की मांग की थी।
इसी मामले को लेकर विकास पांडेय ददरी मेले में बने पालिका के अस्थायी कार्यालय पहुंचे। जहां अपने साथ लाए सिर्टीफिकेट को लेकर ईओ को देने लगे। इसके बाद ईओ को जबरदस्ती माला पहनाई। वहीं, ईओ ने सभासद के आरोपों को निरर्थक और निराधार बताया है। उनके दुर्व्यवहार के खिलाफ विधिक कार्रवाई करने की बात कही है।