बलिया। प्रेम संबंध में हत्या के मामले में सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश अमित पाल सिंह की न्यायालय ने दोषी बाप-बेटे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। 15-15 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। वहीं, अभियुक्त मां-बेटी को साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त कर दिया।
नरही थाना क्षेत्र के नारायनपुर गांव निवासी राजनाथ यादव ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 10 नवंबर 2021 को उसके पुत्र मंगल को गांव के अभियुक्तों ने घर बुलाकर रात में हत्या कर दी और लाश भी छुपा दी। जब राजनाथ और भतीजे हरिओम उसके घर गए तो देखा कि खून गिरा हुआ था। लाश छुपाने के लिए हाथ पैर बांध कर झाड़ी में फेंक दिया था। वादी की तहरीर पर चार अभियुक्तों विनोद, राम आशीष, रंजू व फूलकुमारी के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत हुआ। विवेचक ने मुकदमे की छानबीन शुरू की तो पता चला कि मामला प्रेम संबंध का है। पूरी जांच के बाद पुलिस ने न्यायालय में 15 अप्रैल 2022 को चार्जशीट प्रस्तुत की। सुनवाई के बाद सजा सुनाई गई। जुर्माने की धनराशि जमा नहीं करने पर अतिरिक्त छह माह की सजा भुगतनी होगी।