बलिया। प्रदेश में एचआईवी के साथ जी रहे लोगों की सामाजिक सुरक्षा राज्य की सबसे प्राथमिक जिम्मेदारी है। जनपद में 2138 लोग एचआईवी के साथ जी रहे हैं। मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना में एचआईवी के साथ रहे लोगों को शामिल किया जाएगा।
सीएनपी प्लस के परियोजना समन्वयक दीनानाथ यादव ने जारी प्रेस विज्ञप्ति कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना का संचालन एक मार्च 2019 से किया जा रहा है। एचआईवी के साथ जी रहे लोगों के पास किसी प्रकार की कोई स्वास्थ्य सुरक्षा की गारंटी नहीं है। गरीब आर्थिक स्थिति और स्वास्थ्य सुरक्षा न होने के कारण एचआईवी के साथ जी रहे लोगों की मृत्युदर की संख्या अधिकतम है। मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना में एचआईवी पीड़ित लोगों को शामिल किया जाएगा।