बीएसए संतोष कुमार राय ने मंगलवार को जहां एक प्रधानाध्यापक को सस्पेंड कर दिया, वहीं एक प्रभारी प्रधानाध्यापक समेत तीन शिक्षकों का वेतन बाधित करते हुए स्पष्टीकरण तलब किया है। इसके अलावा विद्यालय से लगातार अनुपस्थित चल रहे एक सहायक अध्यापक पर सेवा समाप्ति की तलवार लटक गई है।
बीएसए ने बताया कि शिक्षा क्षेत्र बैरिया के प्राथमिक विद्यालय मधुबनी नम्बर एक पर तैनात प्रधानाध्यापक अब्दुल रशीद के खिलाफ शिकायत मिली थी कि उन्होंने विद्यालय प्रबंध समिति का अध्यक्ष अपनी सगी बहन को बनाया है। जांच में शिकायत की पुष्टि होने पर उन्हें चेतावनी भी दी गई। लेकिन उन्होंने विभागीय अधिकारियों के आदेश की अनदेखी की, जिस पर उन्हें निलम्बित किया गया है। इसी तरह बीईओ बैरिया की आख्या पर उच्चप्राथमिक विद्यालय झंडा भारती के मठिया पर तैनात प्रभारी प्रधानाध्यापक शुभनारायण मिश्र, सहायक अध्यापक चन्द्रभूषण पांडेय व पूनम देवी खरवार का वेतन अग्रिम आदेश तक रोका गया है। बीएसए ने बताया कि उक्त विद्यालय का निरीक्षण बीईओ ने चार सितम्बर को किया था, जहां सहायक अध्यापक पूनम देवी खरवार एक सितम्बर से लगातार अनुपस्थित थीं, जबकि 31 अगस्त को वह आकस्मिक अवकाश ली थी।
लेकिन पत्र व्यवहार पर सहायक अध्यापक चन्द्रभूषण पांडेय ने पूनम देवी खरवार का हस्ताक्षर बनाया था। इस बावत जब चन्द्रभूषण पांडेय से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि प्रभारी प्रधानाध्यापक शुभनारायण मिश्र ने हस्ताक्षर बनाया है। यही नहीं, विद्यालय में नामांकित 103 के सापेक्ष 15 बच्चे ही मौजूद थे, जबकि रजिस्टर पर 23 की हाजिरी लगाई गई थी। बैरिया शिक्षा क्षेत्र के प्रावि गंगापुर सुरेमनपुर पर तैनात सहायक अध्यापक अजीत कुमार अगस्त 2016 से ही अनुपस्थित चल रहे थे।
यह तथ्य सामने आने पर सात अगस्त 2016 को इन्हें निलम्बित किया था, लेकिन आठ दिसम्बर 2016 को पुन: यह बहाल हो गए। लेकिन अब तक इन्होंने कार्यभार ग्रहण नहीं किया। बीएसए ने इनका वेतन रोकने के साथ ही बीईओ बैरिया को निर्देशित किया है कि आदेश की कॉपी उक्त शिक्षक के घर के पता पर प्रेषित करने के साथ ही पूरा विवरण को सेवा पुस्तिका पर दर्ज करें। यदि 15 दिन में शिक्षक का कोई सार्थक जबाब नहीं मिलता है तो उसकी सेवा समाप्ति की कार्रवाई की जाए।