रामलीला मैदान में छठ की तैयारी।
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बलिया। दीवाली खत्म होने के साथ ही लोग छठ की तैयारी में जुट चुके हैं। चार दिनों तक चलने वाले इस महापर्व की शुरुआत 31 अक्टूबर (गुरुवार) को नहाय-खाय से होगी। एक नवंबर को खरना है। दो को डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। तीन नवंबर को सुबह को अर्ध्य के साथ महापर्व का समापन होगा. लेकिन यहां अभी हाल ये है कि छठ घाटों की सफाई तक नहीं की गई है।
शहर में गंगा घाट से लेकर अन्य सभी घाटों का बुरा हाल है। जहां छठ कमेटियां बनी हैं वहां साफसफाई का कार्य शुरू कराया गया है, लेकिन अभी कहीं भी नगर पालिका की ओर से कोई शुरूआत नहीं की गई है। मंगलवार को शहर के रामलीला मैदान व टाउन हॉल में बनने वाले घाटों की तैयारी दिखी। लेकिन गंगा घाट के पास सफाई की कोई तैयारी अभी तक नहीं दिख रही है। शहर में बालेश्वर घाट, महावीर घाट, संगम घाट के साथ श्रीरामपुर घाट आदि पर बृहद रूप से छठ पूजा होती है। इसके अलावा शहर में टाउन हाल, रामलीला मैदान, आवास विकास कॉलोनी, बहादुरपुर आदि इलाकों में भी बृहद तौर पर छठ पूजा होती है। इन स्थानों पर पूजा समितियों की ओर साफ-सफाई के कार्य शुरू कराए गए हैं। नगर पालिका प्रशासन की ओर से ईओ दिनेश विश्वकर्मा का कहना है कि छठ पूजा से पहले सभी घाट चकाचक करा दिए जाएंगे और छठ व्रतियों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होने दी जाएगी।
छठ पूजा को लेकर रोडवेज में अतिरिक्त बसों की व्यवस्था नहीं की गई है। एआरएम सुभाष राय ने बताया कि जिले में कुल 61 बसें हैं। इसमें से 45 बसों को छठ पूजा को लेकर सभी छोटे बस स्टापेजों पर भी रुकने का निर्देश दिया गया है। नई बसों का संचालन नहीं शुरू किया गया है। इसी तरह छठ पूजा को लेकर किसी अतिरिक्त ट्रेन का संचालन नहीं शुरू किया गया है। वाणिज्य प्रबंधक पीएन मिश्रा ने बताया कि अभी तक छठ पूजा को लेकर किसी अतिरिक्त ट्रेन के संचालन की सूचना नहीं मिली है।