बलिया। मुख्य न्यायिक अधिकारी की अदालत के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने वाणिज्य कर के डिप्टी कमिश्नर धवल प्रकाश समेत पांच लोगों पर पुलिस ने सुविधा शुल्क मांगने, मारपीट करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है।
वादी शमशेर अली पुत्र सिराज अहमद उत्तरपट्टी, रसड़ा निवासी ने मुख्य न्यायिक अधिकारी की अदालत में धारा 156(3) के तहत आवेदन पत्र दिया जिसमें कहा कि वह दवा व्यापारी है। 29 मार्च 2019 को वाणिज्य कर के असिस्टेंट कमिश्नर सुनील कुमार ने अपने स्टेनो पंकज कुमार से फोन करके वाणिज्य कर कार्यालय में बुलाया। प्रार्थी करीब दोपहर 3.30 बजे उनके कार्यालय में उपस्थित हुआ। यहां एसी ने उससे वर्ष 2015-16 कर निर्धारण की बात की। इस पर उसने कहा कि उसके फर्म का पूर्व में कर निर्धारण हो चुका है। यह बात सुनते ही एसी ने उसे गाली देते हुए कहा कि वह 20 बार कर निर्धारण करेंगे। इसी बीच पंकज कुमार स्टेनो ने कहा कि डेढ़ लाख रुपये का इंतजाम करके मामले को खत्म करा लो। जब यह बताया कि वह पैसा नहीं दे पाएंगे तो एसी भड़क उठे और कथित तौर पर अपने कार्यालय में उपस्थित सभी लोगों डीसी धवल प्रकाश, एसी विवेक कुमार, सीटीओ मनोज कुमार को बुला लिया। इसके बाद वह लोग प्रार्थी को मारने लगे। शोरगुल मचने पर वहां उपस्थित अन्य अधिवक्तागण व व्यापारी पहुंच गए और बीचबचाव किया। इसमें प्रार्थी को काफी चोटें आईं। इसके बाद प्रार्थी ने मेडिकल कराया। मेडिकल के बाद शहर कोतवाली में तहरीर दी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया।
मजबूर होकर न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। इस मामले में मुख्य न्यायिक दंडा अधिकारी ने 15 अप्रैल 2019 को कोतवाली थाने को आदेश दिया कि डीसी समेत पांच लोगों के विरुद्घ मुकदमा दर्ज किया जाए। कोतवाली पुलिस ने कोर्ट के आदेेश की अवहेलना करते हुए मुकदमा दर्ज नहीं किया। इसके बाद पुन: कोर्ट ने रिमाइंडर आदेश 21 जुलाई को भेजा। कोर्ट के आदेश के क्रम में पुलिस ने 27 जुलाई को धारा 323, 504, 506, 352 भादंवि के तहत मुकदमा दर्ज किया।