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डंपिंग ग्राउंड कागजों में, सॉलिड वेस्ट प्लांट अधूरा

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नगर के महावीर घाट जाने वाले रास्ता बना डंपिंग ग्राउंड तथा जलाया जा रहा कूड़ा। - फोटो : BALLIA
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बलिया। शहर की सफाई व्यवस्था को बेहतर रखने का भले ही पालिका प्रशासन दावा कर रहा हो मगर धरातल पर हकीकत कुछ और ही है। शहर से रोजाना निकलने वाले 47 टन कूड़े को फेंकने के लिए डंपिंग ग्राउंड सिर्फ कागजों में है। कूड़ा निस्तारण के अभाव में शहर से निकलने वाले कूड़े को डालकर नगर पालिका ने गंगा के तटवर्ती इलाके महावीर घाट जाने वाली सड़क को ही डंपिंग ग्राउंड में तब्दील कर दिया है। इसके अलावा, कटहल नाले के माध्यम से शहर का कचरा सीधे गंगा में प्रवाहित हो रहा है। गैर जिम्मेदाराना तरीके से सड़क किनारे फेंके गए कचरे से तटवर्ती इलाका कचरा घर जैसा दिख रहा है।
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नगरपालिका की ओर से खुलेआम एनजीटी के आदेशों की अवहेलना कर गंगा और आसपास के इलाकों में प्रदूषण फैलाया जा रहा है। नपा कर्मी जहां भी खाली स्थान देखते हैं, उसी को कचरा घर बना देते हैं। हालांकि शहर से 16 किमी दूर बसंतपुर में कूड़ा निस्तारण केंद्र निर्माणधीन है। कटहल नाला और गंगा किनारे गिरने वाले कचरे से प्रदूषण बढ़ने के साथ ही बरसात के दिनों में सड़क किनारे पड़े कूड़े से निकलने वाली सड़ांध से लोगों का राह चलना मुश्किल हो गया है। वहीं, आसपास के मोहल्ले में रहने वाले लोगों में संक्रामक बीमारियों के फैलने का भय बना है।
नहीं चालू हुआ कचरा निस्तारण केंद्र
नगर से निकलने वाले कचरे के निस्तारण के लिए शासन की पहल पर वर्ष 2006 में नगर से सटे बसंतपुर गांव में नगर पालिका के लिए कचरा निस्तारण केंद्र की आधारशिला रखी गई। निर्माण का जिम्मा सीएनडीएस को मिला। सीएनडीएस ने टेंडर एटूजेड कंपनी को दिया। एटूजेड ने एकार्ड कंपनी को पार्टनर बना लिया। दोनों कंपनियों के मध्य विवाद होने के बाद मामला ट्रिब्यूनल में चला गया। अदालत में मामला लंबित होने के कारण नगर पालिका को कूड़ा निस्तारण केंद्र ख्वाब बना हुआ है।
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तैनात हैं चार सौ सफाईकर्मी
नगर पालिका प्रशासन ने शहर की साफ-सफाई के लिए करीब 438 सफाई कर्मी को लगा रखा है, जिसमें करीब 40 फीसदी महिलाएं और 60 प्रतिशत पुरुष कर्मी शामिल हैं। सफाई अभियान की निगरानी के लिए नपा के सात और आर्यन ग्रुप के 18 सुपरवाइजर तैनात हैं। इसके अलावा कचरा को शहर से दूर ले जाने के लिए और कूड़ा ढोने के लिए दो डंपर, दो जेसीबी, एक लोडर, दो ट्रैक्टर, एक कूड़ा उठाने वाली बड़ी गाड़ी तथा 15 छोटे वाहन लगाए गए हैं।
नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी सत्यप्रकाश सिंह ने बताया कि कचरा निस्तारण केंद्र के बारे पूरी जानकारी नहीं है। यह सही है कि नपा के पास डंपिंग ग्राउंड नहीं है। हालांकि साफ-सफाई और कूड़ा निस्तारण शासन की प्राथमिकताओं में शामिल है। जल्द ही डंपिंग ग्राउंड और कूड़ा निस्तारण केंद्र की समस्या का समाधान कराया जाएगा।
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