मझौवां। गंगापुर ग्राम पंचायत के बलिहार स्थित पेयजल परियोजना पूरी तरह से चरमरा गई है। सरफेस वाटर योजना के तहत पाइपलाइन बिछाने के दौरान पानी टंकी की मुख्य आपूर्ति के पाइप को तोड़ दिए जाने से पिछले तीन दिनों से शुद्ध पेयजल आपूर्ति पूरी तरह बंद है। इससे 12 से ज्यादा गांवों के लोग आर्सेनिक युक्त पानी पीने के लिए मजबूर हैं।
यह वही इलाका है जहां आर्सेनिक जनित बीमारियों से पहले ही कई मौतें हो चुकी हैं। बावजूद इसके प्रशासनिक संवेदनहीनता अपने चरम पर है। प्रभावित बस्तियों में लोग खाना बनाने से लेकर पीने तक के लिए मीठा जहर का सेवन करने को विवश हैं। स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार रामगढ़-बलिहार मार्ग पर सरफेस वाटर योजना के ठेकेदारों ने रात में जेसीबी मशीन से खोदाई के दौरान बलिहार स्थित गंगापुर पानी टंकी की मुख्य पाइपलाइन को कई जगहों पर क्षतिग्रस्त कर दिया। इसके बाद टंकी से होने वाली जल आपूर्ति पूरी तरह बंद कर दी गई। तीन दिन बीत जाने के बावजूद मरम्मत तक शुरू नहीं हुई।
इस पानी टंकी से सदर तहसील के गंगापुर, मीनापुर, रामगढ़, बुल्लापुर, तुलापुर, चौबे छपरा, रिकनी छपरा, हुकुम छपरा, दुर्जनपुर, तेलिया टोला समेत कई गांवों में शुद्ध पानी की आपूर्ति होती थी। बैरिया तहसील के बलिहार गांव के लोग भी इसी योजना पर निर्भर हैं। आज हालात यह है कि करीब 25 हजार से अधिक की आबादी दूषित पानी पीने को मजबूर है। इस टंकी से दूरदराज से पानी लाने की मजबूरन वश आर्सेनिक प्रभावित सुघर छपरा, दूबे छपरा, श्रीनगर, केहरपुर, गंगौली, शाहपुर, पचरुखिया, रामपुर, दिघार आदि गांवों के लोग रामगढ़ क्षेत्र में लगे नलों से बाइक, साइकिल और पैदल केन-डब्बों में पानी ढोकर लाते थे, लेकिन आपूर्ति ठप होने से उन हजारों लोगों के सामने भीषण पेयजल संकट खड़ा हो गया है।
ग्रामीणों ने कई बार संबंधित विभाग और अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन हर बार नई पाइपलाइन से जल्द आपूर्ति शुरू करने का झांसा देकर मामला टाल दिया गया। दो विभागों की खींचतान में आम जनता पिस रही है, जबकि जिम्मेदार अधिकारी मौन धारण किए बैठे हैं। तीन दिनों से शुद्ध पानी न मिलने से ग्रामीणों का आक्रोश अब उबाल पर है। लोगों का साफ कहना है कि यदि तत्काल मेन सप्लाई पाइप की मरम्मत कर जलापूर्ति बहाल नहीं की गई, तो वे सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन और संबंधित विभागों की होगी। अवर अभियंता सुरेन्द्र कुमार ने बताया कि मामले की शिकायत प्राप्त हो चुकी है। समस्या के समाधान के लिए कार्य प्रगति पर है। कल तक आपूर्ति पुनः सुचारु रूप से प्रारंभ कर दी जाएगी।