दुबहर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की दुर्व्यवस्था और चिकित्सकों की तैनाती के लिए छात्र नेताओं का सोमवार से जारी अनशन बुधवार को समाप्त हो गया। मुख्य चिकित्साधिकारी पीके सिंह ने डाक्टर की तैनाती की घोषणा की और जूस पिलाकर अनशन समाप्त कराया उन्होंने दुर्व्यवस्था की जांच करने के लिए कमेटी का गठन भी किया है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुबहर पर 50 गांवों के लोगों चिकित्सा का दारोमदार है। इसके बावजूद यहां कई साल से कोई स्थाई चिकित्सक तैनात नहीं है। डाक्टर की तैनाती के लिए कई बार लोग आंदोलन कर चुके हैं। सोमवार को एक बार फिर छात्र नेताओं ने सीएचसी परिसर में अनशन शुरू कर दिया। अनशन के तीसरे दिन दुबहर पहुंचे सीएमओ ने छात्रनेताओं से वार्ता की। उन्होंने डा. शिवम प्रियदर्शी की स्थाई नियुक्ति का आदेश जारी किया और अस्पताल की दुर्व्यवस्था की जांच के लिए दो सदस्यी समिति के गठन का ऐलान किया।
समिति में अपर सीएमओ डा. संजय सिंह और डा. केडी गुप्त को शामिल किया गया है। उनसे एक सप्ताह में अपनी रिपोर्ट पेश करने को कहा गया है। सीएमओ ने कहा कि सीएचसी पर स्वास्थ्य सुविधाएं बहाल की जाएंगी और जो भी कमी होगी उसे दूर किया जाएगा। इसके बाद अनशनकारी आंदोलन समाप्त करने को तैयार हुए। इस दौरान रोहित चौबे, बसंत सिंह, अंकित कुमार सिंह, मनीष पांडेय धन्नू, नीरज सिंह, पवन उपाध्याय, चिन्मय गुप्त, अभिषेक शर्मा, अमितोष पांडेय, दिनेश सिंह पप्पू आदि मौजूद रहे।