फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अधिकांश क्रय केंद्रों पर नहीं हो रही धान की खरीद

विज्ञापन
रेवती क्षेत्र के गायघाट स्थित धान क्रय केंद्र पर धान की तौल करते कर्मचारी। - फोटो : BALLIA
विज्ञापन
बलिया। जिले में सरकारी धान क्रय की व्यवस्था मजाक बन कर रह गई है। दो माह बाद भी अधिकांश क्रय केंद्रों पर धान की खरीद नहीं हो सकी है। पखवाराभर पहले बन्द किए गए 12 केंद्रों के स्थान नए केंद्र नहीं खुल सके हैं। उधर, क्रय केंद्र प्रभारियों की मिलीभगत से बिचौलिये किसानों से सस्ते दामों पर धान खरीद कर क्रय केंद्रों पर खपा रहे हैं। आलम यह है कि दो माह में अभी तक महज 39 हजार एमटी की ही खरीद हो सकी है निर्धारित लक्ष्य 1.10 लाख एमटी का है। किसानों को उपज का माकूल दाम दिलाने के लिए सरकार की ओर से क्रय केंद्र खोले जाते हैं। लेकिन यह व्यवस्था अधिकारियों की उदासीनता व भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई है। इस साल 15 अक्तूबर से ही धान खरीद शुरु करने का निर्देश दिया गया है जो 28 फरवरी तक जारी रहेगा। शासन के निर्देश के बाद क्रय केंद्र तो खोले गए लेकिन किसानों से धान खरीद को लेकर उदासीनता बरती गई। अधिकांश क्रय केंद्रो पर खरीद को लेकर बहाने बनाए जाने से किसान परेशान हैं। जबकि केंद्र प्रभारियों की मिलीभगत से बिचौलिए अपना खेल कर रहे हैैं। उधर, लापरवाही में एनसीसीएफ की ओर से संचालित 12 केंद्रों को एक पखवारा पहले बंद तो कर दिया गया लेकिन इसके स्थान पर खरीद की कोई व्यवस्था नहीं की गई। जिला विपणन अधिकारी ने बताया कि एनसीसीएफ ने केवल सात क्रय केंद्र चार फेफना क्षेत्र में और तीन रसड़ा क्षेत्र में संचालित करने का प्रस्ताव दिया है। जिसकी कार्रवाई चल रही है। इसके अलावा किसी एजेंसी की ओर से प्रस्ताव नहीं मिलने के कारण केंद्र तय नहीं हो पा रहे हैं। जिला विपणन अधिकारी अविनाश चंद्र सागरवाल ने बताया कि एनसीसीएफ के बंद किए गए 12 क्रय केंद्रों के सापेक्ष संस्था ने सात केंद्र संचालित करने का प्रस्ताव दिया है, कार्रवाई चल रही है। अन्य स्थानों पर किसी एजेंसी द्वारा प्रस्ताव नहीं मिलने के कारण केंद्र तय नहीं हो पाए हैं। क्रय केंद्रों पर धान की खरीद शुरु है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें