जैसे-जैसे आयोजन की तिथियां नजदीक आ रही हैं, वैसे-वैसे ददरी मेला के आयोजन को लेकर गतिविधियां तेज होने लगी हैं। एक ओर जहां मेला परिसर में मिट्टी समतलीकरण का कार्य शुरु हो गया है तो दूसरी ओर मेला में आने वाले व्यापारियों द्वारा अपनी दुकानों को लगाने के लिए सामानों को लाने की कवायद तेज कर दी गई है। उधर, इस बार मेला को भव्यता प्रदान नगर पालिका अध्यक्षत संत कुमार मिठाई लाल ने मेला के स्पाशंर्स गोल्डेन फ्रेंड्स और पुरवईया को पूरी जिम्मेदारी सौंप दी है। जिनके द्वारा मेला आयोजन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रुपरेखा करीब-करीब तय कर दी गई है। 25 नवंबर को मेला की भूमि पूजन का कार्यक्रम होगा, जिसके मुख्य अतिथि परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह होंगे। 26 नवंबर से शुरु होने वाला मेला 17 दिसंबर तक चलेगा। करीब 2 दिनों तक चलने वाले ऐतिहासिक ददरी मेला में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत एक दिसंबर को भजन संध्या के साथ होगी, जिसमें अनूप जलोटा और मैथिली ठाकुर शिरकत करेंगे। इसके बाद दो दिसंबर को संगीत और नृत्य, तीन दिसंबर को सुहानी शाह संगीत व नृत्य, चार दिसंबर को वाडाली बद्रर्स की कव्वाली, पांच दिसंबर को विदेशिया नाटक व रियलिटी शो, छह दिसंबर को कुमार विश्वास द्वारा रामचरित मानस पर प्रवचन, सात दिसंबर को भोजपुरी लोक कलाकारों का कार्यक्रम, आठ दिसंबर को मुशायरा, नौ दिसंबर को स्थानीय कलाकारों द्वारा नृत्य व संगीत की प्रस्तुति, दस दिसंबर को भोजपुरी नाइट, 11 दिसंबर को डुप्लीकेट स्टार नाइट, 12 दिसंबर को कामेडी नाइट, 13 दिसंबर को सपना चौधरी नाइट, 14 दिसंबर को बलिया का सफरनामा, 15 दिसंबर को वालीवुड नाइट, 16 दिसंबर को एकास्टिक वालीवुड बैंड और 12 दिसंबर को अखिल भारतीय कवि सम्मेलन के साथ मेला का समापन होगा।