बैरिया थाना क्षेत्र के अठगांवा पंचायत के छक्कू टोला गांव में शुक्रवार दोपहर बच्चों के विवाद में दो पुत्र के साथ मां ने खुद पर मिट्टी का तेल उडे़लकर आग लगा ली। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और उन्हें बचाने की कोशिश की। लेकिन तब तक एक बच्चा और उसकी मांग गंभीर रूप से झुलस चुके थे जबकि एक बच्चे को बचा लिया गया।
आसपास के लोगों ने मां-बेटे को सीएचसी सोनबरसा पहुंचाया, जहां से चिकित्सकों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। देर रात अस्पताल में अंकित की मौत हो गई। बैरिया थाना क्षेत्र के अठगांवा ग्राम पंचायत के छक्कू टोला निवासी शशि चौधरी 2013 में कटान से बेघर हो चुका था। करीब एक वर्ष पहले वह नौकरी करने के लिए दुबई चला गया था। जबकि उसकी पत्नी कुसुम अपने दो बच्चों अंकित (02) और अभिषेक (04) के साथ बीएसटी बंधे पर शरण लिए हुए है।
शुक्रवार को अंकित और गोलू पुत्र मुन्ना के बीच खेलने के दौरान विवाद हो गया। इसकी शिकायत अंकित ने अपने मां से की। इस पर अंकित की मां कुसुम तथा गोलू की मां रिंकू देवी में झगड़ा होने लगा। इसके बाद वहीं की एक वृद्धा जानकी देवी ने दोनों को समझा-बुझाकर शांत करा दिया। लेकिन इससे नाराज कुसुम कुछ देर बाद अपने दोनों बच्चे अंकित और अभिषेक को लेकर बाहर निकल गई और गांव के बाहर झाड़ी के पास जाकर मिट्टी तेल दोनों पुत्रों सहित खुद पर उड़ेल आग लगा लिया।
आग की लपटों को देख आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए, जहां बड़े पुत्र अभिषेक को बचा लिया, जबकि अंकित और कुसुम करीब 70 फीसदी झुलस चुके थे। साथ ही दोनों को बचाने में जानकी देवी भी झुलस गई। आसपास के लोगों ने सभी घायलों को सीएचसी सोनबरसा पहुंचाया। कुसुम तथा अंकित की स्थिति गंभीर देखकर चिकित्सकों ने उन्हें जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। जहां देर रात अंकित की मौत हो गई।