बलिया। अपने बेटे का इलाज कराने आई जिस मां को महिला चिकित्सक ने तमाचा जड़ा था। उस चिकित्सक से सीएमएस ने स्पष्टीकरण मांगा है। जबकि घटना के वक्त मौके पर प्रत्यक्षदर्शियों की कमी नहीं थी! आरोपी महिला चिकित्सक भी माहौल गर्म देख छुट्टी पर चले जाना मुनासिब समझा। कई संगठनों ने भी महिला चिकित्सक की इस दुर्व्यवहार को दुर्भाग्यपूर्ण करार देने के साथ निलंबित करने की मांग की है।
गुरुवार को जिला चिकित्सालय में अपने बेटे सोनू सिंह को लेकर इलाज कराने आई सुखपुरा थाना क्षेत्र के मीना देवी को अस्पताल की फिजिशियन तोषिका सिंह ने किसी बात को लेकर दुव्यर्वहार करने के साथ तमाचा जड़ दिया था। इसके बाद रोती-बिलखती महिला ने मीडिया के सामने आपबीती सुनाई। इस सिलसिले में जब तोषिका सिंह से पूछा गया तो उन्होंने आरोप को पूरी तरह निराधार बताया। जबकि अस्पताल में इस बात की चर्चा जोरों पर थी कि महिला चिकित्सक द्वारा उक्त महिला से वास्तव में बदसुलूकी की गई है। उधर पीड़ित महिला ने भी सीएमएस से मौखिक शिकायत की थी। जिस पर सीएमएस ने गुरुवार को ही उनसे स्पष्टीकरण मांगा। उधर तोषिका सिंह भी नजाकत भांप छुट्टी पर चली जाना मुनासिब समझा। जबकि महिला चिकित्सक के इस तरह की व्यवहार का सामाजिक संगठनों ने दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया है। छात्रहित संघर्ष मोर्चा के अध्यक्ष मिंटू खान ने बताया कि एक डाक्टर भगवान का दूसरा रूप होते हैं। लेकिन गुरुवार की घटनाक्रम से डाक्टरों के प्रति सम्मान अब होने लगा है। ऐसी चिकित्सक अविलंब निलंबित किया जाना चाहिए। उधर बाबा संग बलिया के संरक्षक प्रभाकर सिंह ने बताया कि घटना के तुरंत बाद ही महिला चिकित्सक निलंबित किया जाना चाहिए था। लेकिन स्पष्टीकरण मांगकर ऐसा लगता है कि सीएमएस कहीं ने कहीं आरोपी महिला चिकित्सक को बचाने की जुगत में लग गए हैं। उधर वरिष्ठ समाजसेवी राहुल राय ने बताया कि यदि जल्द से जल्द महिला चिकित्सक को निलंबित नहीं किया तो हम आंदोलन का रास्ता अख्तियार करेंगे। जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी अस्पताल प्रशासन की होगी।
वर्जन :
कार्रवाई के क्रम में महिला चिकित्सक तोषिका सिंह से स्पष्टीकरण मांगा गया है। जो भी होगा आरोप सिद्ध होने पर चिकित्सक के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। हम मरीजों के इलाज करने के साथ तीमारदारों को सम्मान देने के लिए कटिबद्ध है।
शिव प्रसाद
सीएमएस जिला अस्पताल बलिया
तिलक कुमार