नगर के तिखमपुर स्थित एक निजी नर्सिंग होम में उपचार के दौरान मरीज की मौत पर गुस्साए परिजनों ने अस्पताल में जमकर तोड़फोड़ की। डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए घंटों हंगामा किया। मौके पर पहुंची पुलिस से भी मरीज के घरवाले भिड़ गए। परिजनों ने आरोप लगाया कि इलाज के नाम पर डॉक्टर ने उनसे धन ऐंठा। हालात संभालने के लिए कोतवाली पुलिस संग सीओ, महिला एसओ को भी अस्पताल पहुंचना पड़ा। घंटों के हंगामे के बाद घरवाले माने। सीओ ने आश्वासन दिया कि पीएम रिपोर्ट के आधार पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा, तब जाकर घर वाले माने।
बांसडीह कोतवाली क्षेत्र के मंगलपुरा गांव निवासी ज्योतिष कुमार तिवारी को परिवार के लोगों ने रविवार को अचानक तबियत खराब होने के बाद नगर के तिखमपुर स्थित एक निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया। डॉक्टर ने परीक्षण के बाद उसे भर्ती कर लिया। जहां पर हालत नाजुक बताई गई। कुछ देर बाद घरवालों ने कहा कि वे मरीज को बाहर ले जाने के लिए तैयार हैं पर डाक्टर ने मना कर दिया। सोमवार और तबीयत और बिगड़ने पर घर वालों ने फिर कहा कि वे मरीज को दूसरे अस्पताल में इलाज के लिए ले जाना चाहते हैं, लेकिन डाक्टर ने फिर आश्वासन दिया कि हालात सुधर जाएगी। लेकिन घरवालों से इलाज का पैसा जमा करवा लिया गया। इस दौरान मरीज को एक इंजेक्शन भी लगाया गया। दोपहर बारह बजे के लगभग परिवार वालों से बताया गया कि ज्योतिष कुमार तिवारी की मौत हो चुकी है। इससे परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई। मौत की खबर सुनते ही मरीज पक्ष के कई लोग अस्पताल पहुंच गए। डाक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए तोड़फोड़ शुरू कर दी। हंगामे की सूचना पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची, मामले को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन घरवाले उनसे भी भिड़ गए। मामला बढ़ता देख शहर कोतवाल शशिमौलि पांडेय और सीओ नगर हीतेंद्र कृष्ण अस्पताल पहुंचे। इस दौरान लगभग डेढ़ दो घंटे तक मामला गरम रहा। मरीज के घर की महिलाओं ने भी आक्रोश जताते हुए डाक्टर पर कार्रवाई की मांग की। महिला एसओ संध्या सिंह को भी महिलाओं को शांत कराने के लिए मौके पर बुलाया गया। आखिर सीओ नगर हीतेंद्र कृष्ण की आश्वासन पर लोग शांत हुए। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। सीओ ने कहा कि अगर आप तहरीर देंगे तो मुकदमा दर्ज किया जाएगा। सीओ ने बताया कि पीएम रिपोर्ट में कुछ मिलता है तो चिकित्सक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा।