बलिया। जनपद में सड़क हादसा थमने का नाम नहीं ले रहा है। जनवरी से 15 जुलाई तक कुल 170 सड़क हादसे हुए, जिसमें 87 लोगों ने अपनी जाने गवाई। जबकि 83 लोग गंभीर रुप से जख्मी हुए। रसड़ा तहसील में हादसे अधिक हुए। बावजूद सिविल पुलिस व यातायात पुलिस के साथ ही परिवहन विभाग उदासीन बना हुआ है।
यातायात विभाग के आकड़ाें पर गौर किया जाय तो जनवरी में कुल 31 सड़क हादसे हुए। जिसमें 15 लोगाें ने अपनी जाने गवाई, जबकि 16 लोग गंभीर रूप से घायल हुए। फरवरी माह में कुल 29 सड़क हादसे हुए। जिसमें 12 मरें और 16 घायल हुए। मार्च में कुल 28 सड़क हादसे हुए। जिसमें 13 लोगों की मौत हुई और 15 लोग घायल हो गए। अप्रैल में 24 सड़क हादसे हुए, जिसमें 12 लोगों की जान गई। 13 घायल हो गए। मई में 23 सड़क हादसों में 14 मरे और नौ लोग घायल हुए। जून में 24 घटनाओं में 14 लोगों ने दम तोड़ा जबकि 10 लोग घायल हुए। वहीं 15 जुलाई तक कुल 11 सड़क हादसे हुए। जिसमें सात लोगों ने जान गवाई और चार लोग गंभीर रूप से घायल हुए।
इस प्रकार जनवरी से 15 जुलाई तक यानि 196 दिन में कुल 170 सड़क हादसे हुए। जिसमें 87 लोगों की मौत हुई और 83 लोग घायल हुए। इस बाबत सीओ सिटी हितेंद्रु कृष्ण ने बताया कि सड़क हादसे रोकने व यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से जिलाधिकारी की अध्यक्षता में संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक हुई है। जिसे जोन में बांटकर जिम्मेदारी दी गई है।
इनसेट...
सड़क हादसे में रसड़ा नंबर वन
बलिया। आकड़ाें पर गौर करें तो जनपद में जुलाई 2017 से अब तक सबसे अधिक सड़क हादसे रसड़ा क्षेत्र में हुआ है। इसके बाद दूसरे स्थान पर उभंाव थाना अंतर्गत हुआ है। जबकि तीसरे नंबर फेफना थाना, चौथे नंबर पर सुखपुरा तथा पांचवे नंबर पर बैरिया थाना अंतर्गत हुआ है। इस प्रकार जनपद के 22 थानों में रसड़ा कोतवाली नंबर एक पायदान पर है।